सहारनपुर जनपद के छुटमलपुर में मोबाइल चैटिंग और सगाई के नाम पर लाखों रुपये हड़पने के मामले में अदालत के आदेश पर पुलिस ने युवती और उसके सात परिजनों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है।
थाना कोतवाली देहात के गांव महेश्वरी खुर्द निवासी विनय कुमार ने दर्ज कराई प्राथमिकी में बताया कि वह रुड़की में कोचिंग कर रहा था। इसी दौरान फतेहपुर थाने के गांव मांडुवाला निवासी काजल ने उसका मोबाइल नंबर लेकर उसके साथ चैटिंग की।
पता चला कि काजल ब्लैकमेलर है। उसने कई लड़कों से इस तरह चैट करके रुपये वसूले हैं। इस पर उसने काजल से दूरी बना ली। तीन नवंबर 2024 को काजल के पिता मुकेश, मां निर्मला, भाई विनय और भीम आर्मी का एक कार्यकर्ता उसके घर पहुंचे।
आरोपियों ने उसके पिता पर दबाव बनाया कि काजल की शादी उसके साथ कर दें नहीं तो झूठे मुकदमे में जेल भिजवा देंगे। धमकी दी कि या तो रिश्ता करो या फिर दस लाख रुपये दो। इससे डर कर उन्होंने आरोपियों से फैसला करते हुए दो लाख रुपये उन्हें दे दिए। इस पर ग्राम प्रधान के भी हस्ताक्षर हैं। चार दिसंबर को आरोपियों ने उन्हें अपने घर यह कहकर बुलाया कि कुछ हस्ताक्षर रह गए हैं।
आरोप है कि वह मांडुवाला पहुंचे, जहां जबरन काजल को सगाई की अंगूठी पहनाते हुए वीडियो बना ली। विरोध करने पर मारपीट की गई। इसके बाद फिर दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कराने की धमकी देकर दो लाख रुपये और वसूल लिए। उन्होंने एसएसपी के यहां शिकायत की। महिला थाना में दोनों पक्षों को बुलाया गया। वहां 26 मार्च 2025 को आरोपियों ने दो लाख रुपये लेकर फैसला कर लिया। तय किया गया कि दोनों अपनी अपनी मर्जी से शादी कर सकते हैं।
आरोप है कि इसके बावजूद विपक्षियों ने दहेज प्रतिषेध अधिनियम सहित अन्य धाराओं में उनके खिलाफ मामला दर्ज करा दिया। इसका पता उन्हें कोर्ट के माध्यम से दिसंबर 25 में लगा। आरोपी अब भी दस लाख की मांग कर रहे हैं।