बेहट (सहारनपुर)। पहाड़ियों और मैदानी क्षेत्र में हुई तेज बारिश के बाद बरसाती नदियों में बाढ़ आ गई, जिससे नदियों से घिरे दर्जनों गांवों का बुधवार को तहसील मुख्यालय से संपर्क कटा रहा। मिरगपुर पांजूवाला और अलीपुर भागूवाला गांव की आबादी में बाढ़ का पानी घुस गया। कई घरों का सामान पानी में बहकर चला गया।
मिर्जापुर-सुंदरपुर, बेहट-बिहारीगढ़ एवं बेहट-शाकंभरी देवी रूट पर बसों का संचालन कई घंटें बंद रहा, जिससे यात्रियों को भार परेशानियों का सामना करना पड़ा। उधर, शाकंभरी देवी खोल (नदी) में बाढ़ आने से सिद्धपीठ शाकंभरी देवी में सैकड़ों श्रद्धालु फंसे रहे। दोपहर बाद पानी कम होने पर ट्रैक्टर-ट्रालियों में सवार होकर श्रद्धालु भूरादेव मंदिर पर आ सके। सुबह करीब पांच बजे शिवालिक पहाड़ियों और मैदानी क्षेत्र में बारिश शुरू हुई थी। करीब एक घंटा लगातार भारी बारिश के बाद सुबह सात बजे क्षेत्र की सभी बरसाती नदियों में बाढ़ आ गई। नदियों से घिरे शाहपुर, हुसैन मलकपुर, जसमोर, पठानपुरा, बाकरपुर, जैतपुर कलां एवं जैतपुर खुर्द, मुर्तजापुर समेत दर्जनों गांवों का तहसील मुख्यालय से संपर्क कटा रहा। बच्चे स्कूल नहीं जा सके।
गांव मिरगपुर पांजूवाला एवं अलीपुरा भागूवाला गांवों की आबादी में सहंश्रा खोल का पानी घुसने से 20 से अधिक परिवारों के मकानों में पानी में भर गया। उनके घरों का सभी सामान पानी में बह गया। मिरगपुर पांजूवाला के प्राथमिक विद्यालय में भी तीन से चार फीट पानी भरा हुआ था। बच्चे स्कूल नहीं जा सकें। बेहट-बिहारीगढ़, मिर्जापुर-सुंदरपुर एवं बेहट-शाकंभरी देवी रूट पर रास्ते में बाढ़ का तेज बहाव पानी बहने से वाहनों का संचालन दोपहर तक बंद रहा।
उधर, शाकंभरी देवी में सैकड़ों श्रद्धालु करीब चार घंटे तक फंसे रहे, जो पानी कम होने पर ही वहां से निकल सके। तेज बहाव पानी से किसानों की जमीनों भी कटाव हुआ है, जिससे भारी नुकसान हुआ है।