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सिंचाई विभाग ने शुरू किया नदियों की भूमि पर कब्जों का चिह्नीकरण, होगी कार्रवाई

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सहारनपुर। नदियों की जमीन पर हुए कब्जों के मामले में शासन ने ब्योरा तलब किया है। सिंचाई विभाग कब्जाधारियों को चिह्नित करने में लग गया है। जिसके कब्जाधारियों के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा। इससे कब्जा धारकों में खलबली मच गई है।
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शहर में ढमोला नदी के दोनों तरफ कब्जों की भरमार है। ढमोला नदी में 2013 में आई बाढ़ से जानमाल का भारी नुकसान हुआ था। प्रशासन ने तब अवैध कब्जों को चिह्नित कराने का दावा किया था। ब्रह्मपुरी कॉलोनी, ब्रिजेशनगर, कपिल विहार, साकेत कॉलोनी, पठानपुरा, बेरीबाग, चकहरेटी में नदी की जमीन पर सबसे ज्यादा कब्जे हैं। कालोनाइजरों ने नदी की जमीन पर ही कॉलोनी काटकर मकान बनाकर बेच दिए। लोगों ने सरकारी तंत्र पर साठगांठ का आरोप लगाते हुए शासन से मामले की शिकायत की थी। यही हाल पांवधोई नदी का है। यहां भूतेश्वर मंदिर मार्ग और बाबा लाल दास बाड़े के निकट करीब एक दर्जन कॉलोनियों के ज्यादातर मकान नदी की भूमि पर बने हैं। नियम-कायदों को ताक पर रखकर नदी में ही मकान बना लिए गए। कब्जों के कारण कहीं जगहों पर ढमोला और पांवधाई नदी नाले में बदल गई है। यहां भी बाढ़ ने तबाही मचाई थी। 36 लोगों की जान गई थी और कई मकान पूरी तरह पानी में समा गए थे। पांच साल बाद भी प्रशासन ढमोला और पांवधोई नदी जमीन से कब्जे नहीं हटवा पाया है। हालांकि, 151 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी, जिन्होंने कोर्ट से स्टे ले लिया था, लेकिन इसके बाद भी नए कब्जे होते चले गए, जिसकी तरफ प्रशासन और सिंचाई विभाग ने ध्यान नहीं गया। प्रदेश के प्रमुख सचिव ने प्रशासन को पत्र भेजकर सिंचाई विभाग से नदियों की भूमि का ब्योरा मांगा है साथ ही यह भी पूछा है कि नदियों पर कहां-कहां अवैध रूप से कब्जे हुए हैं। पत्र में साफ कहा गया है कि लापरवाही मिलने पर संबंधित विभागीय अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। शासन के निर्देश के बाद सिंचाई विभाग ने कब्जाधारियों को चिह्नित करने का काम शुरू कर दिया है। इसके साथ ही पुलिस के साथ अभियान चलाने की तैयारी की जा रही है।
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कैसे हुए नक्शे पास?
सहारनपुर। ढमोला और पांवधोई नदी की जमीन पर मकान बना लिए गए, लेकिन बड़ा सवाल यह है कि इनके नक्शे कैसे पास हो गए। कपिल विहार निवासी राजेश कुमार, ब्रहमपुरी कॉलोनी संजीव मित्तल और भूतेश्वर मार्ग निवासी संजय मक्कड़ ने जिलाधिकारी और विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष को पिछले दिनों पत्र देकर कहा था कि संबंधित विभागों के कर्मचारियों की मिलीभगत से नदियों की जमीन पर कब्जे हो रहे हैं। सांठगांठ से नक्शे पास कराए गए हैं।
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दोनों नदियों की जमीन पर हुए अवैध कब्जों को चिह्नित किया जा रहा है। शासन के निर्देशानुसार रिपोर्ट भेजकर अभियान चलाया जाएगा। कब्जाधारियों को नोटिस जारी किए जाएंगे।
-----राधेश्याम, अधिशासी अभियंता निर्माण खंड सिंचाई विभाग
पार्षदों ने पांवधोई नदी की कराई सफाई
सहारनपुर। मंडलायुक्त सीपी त्रिपाठी के निर्देशानुसार पार्षदों ने पांवधोई नदी के आसपास साफ-सफाई कराई। पार्षद चौधरी शहजाद अहमद, मंसूर बदर, शहजाद मलिक, लईक सिद्दीकी, डा. एहसान, मोहम्मद आसिफ, मोहम्मद तबरेज ने रविवार को जेसीबी के जरिए पांवधाई के आसपास साफ-सफाई कराकर नदी का चौड़ीकरण कराया। नदी के अंदर जमा शिल्ट को भी निकलवाया गया। पार्षदों ने कहा कि नदी हमारा जीवन और धरोहर है। यदि हम अपनी नदियों को साफ सुथरा रखेंगे तो उसका इस्तेमाल आने वाली पीढ़ियां करेंगी। पार्षदों ने मंडलायुक्त और जनता को विश्वास दिलाया कि शहर के हित में सात जुलाई को होने वाले पांवधोई नदी के महा सफाई अभियान में बढ़चढ़कर भाग लेंगे।
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