सहारनपुर। भारतीय किसान यूनियन की बैठक में प्रदेश उपाध्यक्ष चौधरी विनय कुमार ने कहा कि जनपद में खनन का अवैध कारोबार धड़ल्ले से चल रहा है। प्रशासन इसे रोकने में नाकाम साबित हो रहा है। जबकि यदि किसान नदी से नाली आदि बनाने के लिए रेत उठा लेता है तो उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज हो रहे हैं।
सोमवार को कलक्ट्रेट परिसर में आयोजित बैठक में प्रदेश उपाध्यक्ष ने कहा कि बिल्डिंग मैैैटीरियल की दुकानों पर खनन को 150 रुपये प्रति क्विंटल धड़ल्ले से बेचा जा रहा है। जबकि यदि किसान अपनी नाली, हौज या खोर बनाने के लिए नदी आदि से रेत उठा लेता है तो उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज हो जाता है। जिलाध्यक्ष चौधरी चरण सिंह ने कहा कि किसानों के फूंके हुए ट्रांसफार्मर को शासन के निर्देशानुसार नहीं बदला जा रहा है। चीनी मिल नानौता, सरसावा और गांगनौली पर किसानों का करोड़ों रुपये बकाया हैं। जिला महामंत्री अशोक कुमार ने कहा कि सरकार किसान हितों की अनदेखी कर रही है। इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इसके बाद उन्होंने जिलाधिकारी पीके पांडे को पांच सूत्रीय ज्ञापन भी सौंपा। इसमें फूंके हुए ट्रांसफार्मर को 48 घंटे में बदलने, किसानों के इस्तेमाल के लिए सस्ती दरों पर खनन सामग्री उपलब्ध कराने, नकुड के गांव सहसपुर जट में राजकीय नलकूप का रिबोर करने और भाकियू कार्यालय के लिए भवन दिलाने की मांग शामिल हैं। रघुवीर सिंह, मेवाराम, मुकेश तोमर, संजय चौधरी, मनोज कुमार, प्रदीप राणा, नरेश स्वामी, जयपाल सिंह, यशपाल सिंह, मैनपाल सिंह, इमरान, संजील कुमार, सोहनवीर सिंह आदि रहे।