सहारनपुर। लोकसभा चुनाव को लेकर अभी से अफवाहों और फर्जी जानकारियां सोशल मीडिया पर डलनी शुरू हो गई हैं। सोमवार को लोकसभा चुनाव के लिए बसपा के 38 प्रत्याशियों की सूची सोशल मीडिया पर वायरल हुई, जिसमें सहारनपुर से बसपा सुप्रीमो मायावती को प्रत्याशी दिखाया गया। सूची वायरल होने पर हलचल मच गई, लेकिन कुछ समय बाद ही बसपा के प्रदेश अध्यक्ष आरएस कुशवाहा ने बयान जारी कर सूची को फर्जी करार दिया।
सोमवार को जब बसपा प्रत्याशियों की फर्जी सूची वायरल हुई, तो तेजी से इसकी चर्चा फैल गई और सहारनपुर लोकसभा सीट पर हाई वोल्टेज चुनावी संग्राम के कयास लगने शुरू हो गए। चूंकि दो दिन पहले ही सपा-बसपा के गठबंधन की घोषणा हुई, जिस कारण प्रत्याशी घोषित होने का इंतजार भी हो रहा है। राजनीतिक दल भी एक दूसरे के प्रत्याशियों के बारे में जानना चाहते हैं, ताकि उसी लिहाज से अपनी चुनावी रणनीति बनाई जा सके। उधर, बसपा के प्रदेश अध्यक्ष आरएस कुशवाहा ने वायरल सूची का खंडन करके बयान जारी किया, तो अटकलों पर विराम लग गया।
वैसे सहारनपुर है बसपा की राजनीतिक कर्मस्थली
सहारनपुर जनपद बसपा सुप्रीमो मायावती की राजनीतिक कर्मस्थली भी है। क्योंकि वह यहां की हरोड़ा विधानसभा सीट से दो बार विधायक चुनी गईं। वहीं, बसपा संस्थापक कांशीराम ने भी 1998 में सहारनपुर लोकसभा सीट से चुनाव लड़ा था। उस चुनाव में कांशीराम का मुकाबला भाजपा प्रत्याशी नकली सिंह से हुआ था। भाजपा प्रत्याशी नकली सिंह ने 2,75,103 वोट लेकर जीत दर्ज की थी, जबकि 2,15,267 वोट पाकर बसपा प्रत्याशी कांशीराम दूसरे नंबर पर रहे थे।