बकाया गन्ना मूल्य भुगतान के लिए जाम लगाया
सहारनपुर। बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान कराने और पृथक पश्चिम प्रदेश के निर्माण की मांग को लेकर पश्चिम प्रदेश मुक्ति मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने बृहस्पतिवार को घंटाघर पर जाम लगाया। बाद में एसडीएम एसपी सिंह को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपने के बाद जाम खोला गया।
मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष भगत सिंह वर्मा के नेतृत्व में कार्यकर्ता जुलूस के रूप में पेपर मिल रोड, विश्वकर्मा चौक, जनकपुरी होते हुए घंटाघर पहुंचे और जाम लगा दिया। राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि उत्तर प्रदेश देश का ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया में सबसे बड़ा राज्य है। उन्होंने कहा कि वेस्ट यूपी के 26 जिलों को मिलाकर पृथक पश्चिम प्रदेश निर्माण होने तक आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि जिले के किसानों का करीब 500 करोड़ रुपये शुगर मिलों पर बकाया है। यदि जल्द ही बकाया भुगतान नहीं हुआ तो किसान आने वाले लोकसभा चुनाव में भाजपा को वोट नहीं देंगे। प्रदेश उपाध्यक्ष हाफिज मुर्तजा और प्रदेश महामंत्री आसिम मलिक ने आरोप लगाया कि केंद्र और प्रदेश की सरकार किसान विरोधी साबित हो रही हैं। उन्होंने आगामी सीजन में 550 रुपये प्रति क्विंटल गन्ना मूल्य की मांग की। राजेंद्र सिंह मान, विनोद सैनी, सरदार गुलविन्दर सिंह बंटी, बीर सिंह, मंसूर मलिक, हाजी नसीम, मौहम्मद शाहिद, डॉ. अशोक मलिक, दिनेश जायसवाल, रियासत पहलवान, मौहम्मद वसीम, राशिद, रविन्द्र गिल, समरपाल सिंह, सद्दाम मलिक, मोहम्मद फारूख, मोहम्मद फुरकान, अशरफ अली, सुमित वर्मा आदि रहे।
एसडीएम को सौंपे ज्ञापन में मोर्चा ने उत्तर प्रदेश को चार भागों में बांटकर पृथक पश्चिम प्रदेश का निर्माण करने, मेरठ में मिनी सचिवालय और हाईकोर्ट स्थापित करने, राज्य किसान आयोग का गठन करने, बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान मय ब्याज के कराने, आगामी सीजन में गन्ना मूल्य 550 रुपये प्रति क्विंटल करने, सहारनपुर में विश्वविद्यालय की स्थापना करने सहित अन्य मांग की।