सहारनपुर। नेशनल ई वे-बिल के 28 फरवरी तक स्थगित होने बाद अब माल परिवहन के लिए राज्य ई वे-बिल रखना जरूरी है। इसके साथ ही प्रदेश से होकर गुजरने वाले माल के परिवहन के लिए बहती रखना भी अनिवार्य होगा।
भारत सरकार द्वारा एक फरवरी से नेशनल ई वे बिल पूरे देश में लागू कर दिया गया था, जिसे बाद में 28 फरवरी के लिए स्थगित कर दिया गया। इसके चलते उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा लागू ई वे बिल व्यवस्था स्वत: ही लागू है। एडिशनल कमिश्नर ग्रेड 1 अनिल पाठक ने बताया कि प्रदेश के अंदर से होकर माल के पारगमन के लिए बहती रखना भी अनिवार्य है। उल्लंघन की दशा में अर्थदंड का प्रावधान है। उन्होंने बताया कि 50 हजार से अधिक के माल परिवहन के लिए अन्य आवश्यक प्रपत्रों के साथ ई वे बिल संख्या एक साथ रखना अनिवार्य है। दूसरे प्रदेश से किसी अन्य प्रदेश के लिए राज्य के अंदर से गुजरने वाले माल के लिए बहती साथ रखना जरूरी है। उन्होंने बताया कि नेशनल ई वे बिल अभी ट्रायल के तौर पर डाउनलोड हो रहे हैं। इसलिए किसी भी माल के परिवहन के लिए उत्तर प्रदेश वाणिज्य कर विभाग द्वारा जारी ई वे बिल एवं बहती ही मान्य होंगे।