सहारनपुर। ई-केवाईसी नहीं कराने वाले जनपद के 16938 किसान प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि से वंचित रहेंगे। जिले के 281091 किसान को इस योजना का लाभ मिल रहा है। ई-केवाईसी नहीं कराने वाले किसानों का पंजीकरण भी रद्द किया जाएगा। जिससे पात्र किसानों को दोबारा पंजीकरण कराना पडेगा।
किसानों की आर्थिक मदद करने के उद्देश्य से भारत सरकार पात्र किसानों को छह हजार रुपये वार्षिक प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत देती है। इसे किसानों के बैंक खातों में दो-दो हजार रुपये की तीन किस्तों में भेजा जाता है। अपात्रों को किसान सम्मान निधि का लाभ मिलने की शिकायतों को देखते हुए कृषि विभाग ने सत्यापन कराकर पात्र किसानों को ही इसके दायरे में रखा है, लेकिन अभी भी बड़ी संख्या में किसानों ने अपनी ई-केवाईसी नहीं कराई है। कई किसानों ने अभी तक भूमि का सत्यापन नहीं कराया है। जबकि कृषि विभाग ने इसे अनिवार्य कर रखा है।
ई-केवाईसी नहीं कराने वाले किसानों को जल्द प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की आने वाली किस्त से वंचित रहना पड़ेगा। इसके दायरे में जिले के 16938 किसान आएंगे। इसलिए किसान जनसेवा केंद्र पर जाकर प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि पोर्टल पर जाकर ई-केवाईसी करा लें। जिससे पात्र किसानों को सम्मान निधि की अगली किस्त मिलने में किसी प्रकार की परेशानी ना हो।
जिन किसानों ने अब तक ई-केवाईसी नहीं कराई है वे इसे जल्द करा लें। भूमि सत्यापन नहीं हुआ है तो उसे करा लें। इसे किसी भी जनसेवा केंद्र पर जाकर कराया जा सकता है। जो किसान ई-केवाईसी नहीं कराएंगे उन्हें न सिर्फ सम्मान निधि से वंचित रहना पड़ेगा बल्कि उनका पंजीकरण भी रद्द किया जाएगा।
- डॉ. राकेश कुमार उप निदेशक कृषि
ई-केवाईसी नहीं कराने वाले किसान
तहसील - किसान
बेहट - 2992
देवबंद - 3642
नकुड़ - 3923
रामपुर मनिहारान - 2221
सहारनपुर - 4160
नोट: कृषि विभाग के आंकडों के अनुसार।