देवबंद (सहारनपुर)। नोटबंदी के दो साल गुजरने के बाद भी दो हजार रुपये का गुलाबी नोट लोगों के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है। गुलाबी गैंग गिरोह के सदस्य लगातार बाजार में नकली नोटों की खेप पहुंचा रहे हैं। जिसका खामियाजा लोगों को भुगतना पड़ रहा है। बाजार में हालात यह है कि नकली नोटों के चक्कर में दुकानदार भी इस गुलाबी नोट को पकड़ने से कतरा रहे हैं। इतना ही नहीं लोगों के लिए इसको खुल्ला करना भी बेहद मुश्किल काम साबित हो रहा है।
गुलाबी रंग का दो हजार रुपये का नोट जहां नकली करेंसी छापने वालों के लिए मुनाफे का सौदा साबित रहा है। वहीं, इससे आम जनता को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है। सामान की खरीदारी करने के लिए लोग बाजार में पहुंचते हैं तो उन्हें दो हजार रुपये का नोट चलाने में भारी परेशानी हो रही है। दुकानदारों का कहना है कि उनके पास ऐसा कोई भी उपकरण नहीं है जिससे वह नकली और असली नोटों की पहचान कर सकें। गुलाबी गैंग गिरोह के सदस्यों ने बाजार में दो हजार रुपये का नकली नोट खासी तादाद में उतारा हुआ है। इतना ही नहीं कई बार तो बैंकों की एटीएम मशीनें तक दो हजार रुपये का नकली नोट उगल रहीं हैं। जिसके बाद बैंक अधिकारी भी इसकी जिम्मेदारी नहीं लेते। अब ऐसे स्थिति में जहां लोग दो हजार रुपये का नोट पकड़ने से घबरा रहे हैं, वहीं बाजारों में दुकानदार भी नोट को खुल्ला कराकर देने की बात कहते हैं।