पोस्टमार्टम हाउस की खराब हालत से चिकित्सक नाराज
सहारनपुर। प्रांतीय चिकित्सा सेवा संघ की बैठक सोमवार को सीएमओ के कैंप कार्यालय पर हुई। इसमें एक ओर जहां चिकित्सकों की समस्याओं पर मंथन किया गया, वहीं दूसरी ओर पोस्टमार्टम हाउस की खराब हालत पर नाराजगी व्यक्त की गई। चिकित्सकों ने रात में होने वाले पोस्टमार्टम पर भी सवाल उठाए।
अध्यक्षता कर रहे संघ के अध्यक्ष डॉ. एके चौधरी ने कहा कि संगठन स्कैप, समय से पदोन्नति कराने, जिला और प्रदेश स्तर पर लंबित समस्याओं का निस्तारण कराने के लिए हरसंभव प्रयास कर रहा है। उन्होंने बताया कि 29 अप्रैल को लखनऊ के संघ भवन में एक प्रदेशस्तरीय बैठक होगी। इसमें प्रदेश के चिकित्सक प्रतिभाग करेंगे। इसमें चिकित्सकों की समस्याएं उठाई जाएंगी।
सचिव डॉ. कर्मवीर सिंह ने कहा कि रात्रिकालीन पोस्टमार्टम नियमानुसार केवल कानून व्यवस्था भंग होने की आशंका वाले केस में ही होने चाहिए। मगर लंबे समय से सामान्य मामलों में भी रात्रिकालीन पोस्टमार्टम कराए जा रहे हैं। ऐसा करना अनुचित है। उन्होंने कहा कि जनवरी 2015 से पोस्टमार्टम भत्ता भी अभी तक चिकित्सकों को नहीं मिला है। वित्त सचिव डॉ. केपी श्रीवास्तव ने संघ के आय और व्यय का ब्योरा पेश किया। इस दौरान पोस्टमार्टम हाउस की खराब स्थिति पर नाराजगी व्यक्त की गई और इसमें सुधार की मांग की।
बैठक में निर्णय लिया गया कि जितनी भी जिला स्तर की समस्याएं हैं, उन्हें डीएम और एसएसपी के समक्ष रखा जाएगा। बैठक में अपर निदेशक डा. सत्य सिंह, सीएमओ डा. बीआर सोढी, डा. अनीता जोशी, डा. जी रहमान, डा. नरेश सैनी, डा. इंदराज सिंह, डा. महेश ग्रोवर, डा. प्रवीन कुमार, डा. हेमंत रस्तोगी, डा. बिरेंद्र भट्ट, डा. आरके टंडन, डा. आरके भारद्वाज, डा. तुुषार, डा. अनिल कुमार, डा. मनीष पांडेय, डा. धर्मवीर सिंह, डा. अनिल शर्मा, डा. सुनील वर्मा आदि मौजूद रहे।