देवबंद (सहारनपुर)। इस्लामिक शिक्षण संस्था दारुल उलूम और श्री त्रिपुर मां बाला सुंदरी देवी मंदिर के नाम से विख्यात देवबंद विधानसभा के लोग भाजपा शासन के एक साल गुजर जाने के बाद भी चिकित्सा, शिक्षा, स्वच्छ पेयजल और टूटी सड़कों जैसी मूलभूत सुविधाओं को तरस रहे हैं। लोगों का कहना है कि देवबंद विधानसभा क्षेत्र अभी भी विकास कार्यों में पिछड़ा हुआ है।
उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के कोषाध्यक्ष वरयाम खान का कहना है कि भाजपा शासन में भी देवबंद विकास कार्यों में पिछड़ा हुआ है। विधायक जनता की कसौटी पर खरे नहीं उतरे हैं। विधानसभा क्षेत्र में एक साल के भीतर कुछ भी नया दिखाई नहीं पड़ रहा है। शिक्षा एवं स्वास्थ्य में सुविधा में कोई तरक्की नहीं हुई। सीएचसी में चिकित्सकों का घोर अभाव है। समाजसेवी तंजीम सिद्दीकी का कहना है कि देवबंद को जोड़ने वाली क्षेत्र की सड़कों का बुरा हाल है। विकास कार्य न होने के कारण विधानसभा अपनी बदहाली पर रो रहा है। किसान एवं व्यापारी नेता मनोज सिंघल का कहना है कि गन्ना भुगतान संतोषजनक हैं। लेकिन पुलिस प्रशासन पूरी तरह फेल है। नगर में जनमंच, राजकीय डिग्री कॉलेज में बीएससी की कक्षाओं का संचालन और रोडवेज डिपो का निर्माण जनता की प्रमुख मांगें हैं। गंडासा रोलिंग मिल्स एसोसिएशन के अध्यक्ष विजेश कंसल का कहना है कि इंडस्ट्रियल इस्टेट की सड़क लंबे समय से क्षतिग्रस्त पड़ी है। जिस कारण बरसात के मौसम में सड़कों व फैक्ट्रियों में गंदा पानी भरने से उद्यमियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस संबंध में क्षेत्रीय विधायक की ओर से आश्वासन भी मिला है। सीएचसी में सरकार को संपूर्ण चिकित्सा सुविधाएं मुहैया करानी चाहिए, ताकि गंभीर रोगियों की जान बचाई जा सके।
विकास कार्यों पर 99 फीसदी विधायक निधि खर्च
देवबंद। विधायक निधि की 99 फीसदी धनराशि विकास कार्यों में खर्च की जा चुकी है। गन्ना विभाग, पीडब्ल्यूडी और मंडी समिति के अंतर्गत सड़कों का निर्माण कार्य चल रहा है। जड़ोदापांडा में लिंक नहर के पानी की समस्या का समाधान भी शीघ्र होने की संभावना है। सिंचाई मंत्री आगामी 15-20 दिन में क्षेत्र का दौरा भी करेंगे। इसके अलावा राजकीय डिग्री कॉलेज में साइंस की क्लासेज इसी सत्र से चालू होने की संभावना है, क्योंकि इसके लिए उनके द्वारा प्रयास किए जा रहे हैं। रोडवेज बस स्टैंड के लिए नजूल की भूमि उपलब्ध नहीं है। वन विभाग की जमीन खाली पड़ी है। इसके लिए परिवहन विभाग से बात की जा रही है ताकि उस जमीन को सरकार विभाग को देकर वहां पर बस स्टैंड बनाया जा सके। 5-6 सड़कों के चौड़ीकरण के प्रस्ताव शासन को भेजे गए हैं। करीब डेढ़ साल में यह सड़कें बन जाएंगी। नगर के चौक-चौराहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए विधायक निधि से 6 लाख रुपये पुलिस विभाग को दिए गए हैं। जिनका कंट्रोल रूम कोतवाली में बनेगा। इनके अलावा नगर के विकास की और भी योजना बनाई गई है।
- कुंवर ब्रिजेश सिंह, विधायक देवबंद विधानसभा
कच्छप गति से हो रहे विकास कार्य
देवबंद। देवबंद-अंबहेटा शेखां मार्ग मानक के अनुरूप नहीं बनाया जा रहा है। विधानसभा क्षेत्र में विकास कार्य कछुआ गति से हो रहे हैं। कुछ नई चीज दिखाई नहीं पड़ रही है। सपा शासन में गोपाली में पॉलिटेक्निक और खजूरी में सरकारी आईटीआई का निर्माण किया गया था। फोरलेन व फ्लाईओवर भी सपा सरकार की देन है। फ्लाई ओवर बन चुका है लेकिन चालू नहीं किया गया। जिस कारण लोगों को जाम की समस्या से जूझना पड़ रहा है।
-माविया अली, पूर्व विधायक