हमारे बुजुर्गों ने दिया सबक, सबसे पहले हम हिंदुस्तानी: मदनी
देवबंद (सहारनपुर)। जमीयत उलमा-ए-हिंद के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना सैय्यद अरशद मदनी ने कहा कि हमारे बुजुर्गों ने हमें यह सबक दिया है कि सबसे पहले हम हिंदुस्तानी हैं और हमारी तरक्की प्यार व मोहब्बत और आपसी भाईचारे के ही अंदर है।
रविवार को मजनूवाला मार्ग स्थित होटल में कैलाश चंद ममोरियल हॉस्पिटल की ओर से आयोजित दीपावली मिलन समारोह में बतौर मुख्य अतिथि मौलाना अरशद मदनी ने कहा कि हमारे बचपन में हर छोटे बड़े की इज्जत की जाती थी और बड़े छोटे पर प्यार मोहब्बत लुटाया करते थे। जाति और धर्म के नाम पर मुल्क में तकसीम दूर तक नहीं थी। मौलाना ने कहा कि आज बदकिस्मती से हमारे मुल्क की सूरत बिगड़ती जा रही है और पूरा यूरोप व सारे मुल्क हमारे मुल्क की मजाक उड़ा रहे हैं और हमें लड़ता हुआ देख कर वो लोग खुशियां मनाते हैं। जबकि हमें जिस तरफ नफरत फैल रही उस नफरत की आग को मोहब्बत से बुझाना चाहिए और हर एक को अपने गले से लगना चाहिए। ताकि मुल्क तरक्की कर सके। अंत में उन्होंने देशवासियों को दीपावली की मुबारकबाद पेश की। दारुल उलूम के शेखुल हदीस मौलाना अल्लामा कमरुद्दीन व हुलाशराय सिंघल ने कहा कि देवबंद की सरजमीन पर होने वाले इस तरह के कार्यक्रम से पूरे देश में प्यार व मोहब्बत का पैगाम जाएगा। प्रसिद्ध शायर डा. नवाज देवबंदी ने अपनी शायरी सुनाकर आपसी भाईचारगी का संदेश दिया। इनके अलावा विनोद गुप्ता, ठाकुर श्याम कुमार, मौलाना हसनुल हाशमी, मौलाना नदीमुलवाजदी, राजपाल सिंह, डा. सुखपाल सिंह आदि ने भी विचार रखे। अंत में कार्यक्रम संयोजक व हॉस्पिटल के चेयरमैन डा. डीके जैन ने सभी का आभार जताया अध्यक्षता मौलाना अरशद मदनी व लसंचालन अमित गोयल ने किया। इस मौके पर अनुराग सिंघल, अलाउद्दीन, हाजी यासीन, मुफ्ती खादिमुल इस्लाम कासमी, हाफिज नदीम अतहर, हाजी मो. नवाब, मुफ्ती अमजद मदनी, मुफ्ती अखलाक, कारी फौजान, मो. शहजाद, मौलाना मसूद अशरफ, अखिलेश जैन आदि मौजूद रहे।