नानौता (सहारनपुर)।। बिजली कर्मियों की लापरवाही से ग्राम तिलफरा ऐनाबाद निवासी संविदाकर्मी की लाइन पर कार्य करते समय करंट लगने से मौत हो गई। गुस्साए ग्रामीणों ने पोस्टमार्टम के बाद शव को दिल्ली-यमुनोत्री हाईवे पर रखकर जाम लगा दिया। ग्रामीण मुआवजे व अधिकारियों को मौके पर बुलाने की जिद पर अड़े रहे। इस दौरान एक युवक ने मांग के समर्थन में मिट्टी का तेल छिड़क कर आत्मदाह का प्रयास भी किया। करीब ढाई घंटे बाद विद्युत अधिकारियों द्वारा पांच लाख रुपये का चेक मृतक के परिजनों को सौंपा तथा लापरवाह विद्युतकर्मी के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया तब ग्रामीणों ने जाम खोला।
थाना क्षेत्र के ग्राम तिलफरा ऐनाबाद निवासी 20 वर्षीय संविदाकर्मी विकास राणा पुत्र राजेन्द्र सिंह बिजली विभाग में संविदाकर्मी के पद पर कार्यरत था। बृहस्पतिवार की शाम विकास राणा लौटनी स्थित बिजलीघर से शट डाउन लेकर लाइन पर कार्य कर रहा था। लाइन पर कार्य करते समय अचानक लाइन में करंट आने से संविदाकर्मी की मौत हो गयी। युवक की मौत पर परिजनों में कोहराम मच गया। शुक्रवार दोपहर करीब दो बजे परिजनों संग ट्रैक्टर ट्राली में सवार हो काफी संख्या में ग्रामीण नानौता दिल्ली-यमुनोत्री हाईवे पर स्थित संजय चौक पर पहुंचे और शव को सड़क के बीच में रखकर जाम लगा दिया। गुस्साए ग्रामीण विद्युत विभाग के अधिकारियों को मौके पर बुलाने की जिद पर अडे़ रहे। वहीं जाम लगने के कुछ देर के बाद ही स्कूली बच्चों की छुट्टी हो गयी। जिससे स्कूली बच्चे काफी देर तक जाम में फंसे रहे। ग्रामीणों ने मानवता का परिचय देते हुए स्कूल की बसों को जाम से निकलवाया।
जाम लगने की सूचना पर सीओ गंगोह राजेन्द्र सिंह एवं एसडीएम रामपुर मनिहारान देवेन्द्र प्रताप सिंह भी मौके पर पहुंचे। इसी बीच नानौता ब्लॉक प्रमुख पति ऋषिपाल राणा जाम स्थल पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण विद्युत विभाग के अधिकारियों के मौके पर आने की जिद पर अड़े रहे। जाम लगाए जाने के तकरीबन ढाई घंटे के बाद बिजली विभाग के अधिकारी एक्सईएन राजीव भट्ट, एसडीओ नानौता सुधीर कुमार, एसडीओ रामपुर संजय कुमार ने मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों से बातचीत की। मामला सुलझता हुआ न देखकर गांव सोना अर्जुनपुर निवासी युवक चेतन राणा ने अपने ऊपर मिट्टी का तेल छिड़ककर आग लगाने का प्रयास किया। उसे मौके पर ग्रामीणों व पुलिस के आलाधिकारियाें ने समझाकर शांत किया। इसके बाद प्रमुख पति ऋषिपाल राणा द्वारा बिजली विभाग के एक्सईएन राजीव भट्ट, एसडीएम रामपुर मनिहारान के बीच वार्ता हुई। इसमें बिजली विभाग के अधिकारियों द्वारा मृतक के परिजनों को पांच लाख रुपये का चेक तथा आरोपी विद्युत विभाग के कर्मचारी के विरुद्ध जांच के बाद कार्रवाई का आश्वासन दिया गया। इसके बाद ब्लॉक प्रमुख पति ऋषिपाल राणा व एसडीएम ने ग्रामीणों को समझा-बुझाकर जाम खुलवाया। जाम लगने से दिल्ली-युमनोत्री हाईवे तथा देवबन्द-गंगोह मार्ग पर वाहनों की लाइनें लग गईं। इस दौरान सुरक्षा की दृष्टि से विद्युत अधिकारियों ने कस्बे की बिजली आपूर्ति भी बंद कराए रखी।