न्यूनतम समर्थन मूल्य पर जिले में 146 केंद्रों पर धान की खरीद चल रही है। अब तक 130 केंद्रों पर 1178.55 टन के करीब धान खरीदा जा चुका है। इनमें से करीब 16 केंद्रों पर धान की खरीद अब तक शून्य है। वहीं अन्य केंद्रों पर भी बारिश के बाद धान के दाने में आई नमी के चलते तौल रुक गई है। मानकों के अनुसार 17 प्रतिशत से अधिक नमी वाला धान केंद्रों पर नहीं खरीदा जा रहा है। ऐसे में किसान केंद्रों से मायूस होकर वापस लौट रहे हैं। बृहस्पतिवार को आगापुर के मार्केटिंग के धान क्रय केंद्र से नमी अधिक होने की वजह से कई किसान लौट गए। यह स्थिति मंडी के केंद्रों में भी देखने को मिली। यहां पर कई किसानों को दाने में नमी अधिक होने की वजह से लौटा दिया गया। केंद्र प्रभारी दिलीप कुमार ने बताया कि बारिश के बाद से 20 से 25 प्रतिशत तक नमी मिल रही है। मानकों के हिसाब से 17 प्रतिशत या उससे कम नमी वाला धान खरीद सकते हैं।
- सभी केंद्रों पर मानकों के हिसाब से धान की खरीद के निर्देश दिए हैं। 17 प्रतिशत से अधिक नमी वाला धान नहीं खरीदा जा सकता। बारिश की वजह से धान में नमी बढ़ गई है। इसलिए किसानों से कहा जा रहा है कि वे धान को सुखाकर लेकर आएं।
-कौशल देव, जिला खाद्य एवं विपरण अधिकारी
धान खरीद एक नजर में
-146 कुल केंद्र
-130 केंद्रों पर हो चुकी खरीद
-1178.55 टन हुई है खरीद
233 किसानों से हुई है खरीद
-15.82 लाख रुपये का किसानों को हो चुका भुगतान