स्वार। पैगंबरपुर गांव के जंगल में आग लगने से साढ़े सात एकड़ में गेहूं की नरई जलकर नष्ट हो गई, जिससे किसान को लगभग 125 क्विंटल भूसे की क्षति उठानी पड़ी। इसके साथ ही खेत में खड़ी मिर्च की फसल भी झुलस गई। आरोप है कि यह आग जानबूझकर रंजिशन लगाई गई है। इस घटना में सुनील कौशिक ने गांव के ही रामदास और बाबूराम के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई है।
सुनील कौशिक ने पुलिस को बताया कि बृहस्पतिवार की शाम करीब पांच बजे रामदास और बाबूराम ने उनके गेहूं के खेत में आग लगा दी। इससे लगभग साढ़े सात एकड़ में गेहूं की नरई जलकर नष्ट हो गई और 100-125 क्विंटल भूसा भी नष्ट हो गया। इसके अलावा, पड़ोस में स्थित मडै़यान भज्जन की मिर्च की फसल भी प्रभावित हुई। रिपोर्ट में आरोप लगाया गया है कि जब कुछ लोगों ने आग लगाने का विरोध किया तो उन्हें धमकाते हुए गाली-गलौज कर भगा दिया गया। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।