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Rampur News: डीएम बोले, तीनों पेट्रोल पंपों पर मिली थीं गंभीर अनियमितताएं

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रामपुर। इंडियन ऑयल कंपनी (आईओसी) के फील्ड ऑफिसर अनिल कुमार की खाली खड़ी कार पर फायरिंग मामले में सुरेंद्र सागर के बेटे हिमांशु सागर और भतीजे नितिन की गिरफ्तारी के साथ ही प्रशासन ने कुछ पेट्रोल पंपों को सागर परिवार से जुड़ा बताते हुए इनकी बारीकी से जांच कराई थी। पुलिस का कहना था कि सुरेंद्र सागर के बेटे हिमांशु का पंप से तेल की बिक्री जैसे कुछ बिंदुओं पर आईओसी अधिकारी से विवाद चल रहा था। डीएम ने बताया कि जांच के दायरे में आए पेट्रोल पंपों में से तीन पर गंभीर अनियमितताएं मिली थीं। इसी आधार पर इन पंपों के विरुद्ध कार्रवाई का निर्णय लिया गया है।
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उधर, सुरेंद्र सागर ने इन तीनों पंपों में से कोई खुद का होने से इन्कार किया है। ये पंप अपने रिश्तेदारों के बताए हैं।

14 जनवरी को आईओसी अफसर की कार पर फायरिंग के बाद डीएम के आदेश पर पूर्ति विभाग की टीम ने 20 और 21 मार्च को जिले के कई पेट्रोल पंपों की जांच की। डीएम अजय कुमार द्विवेदी के अनुसार निरीक्षण के दौरान मिलक के विक्रमपुर में स्थित सागर फिलिंग स्टेशन, ग्राम बमरौआ के सागर फ्यूल केएसके, शाहबाद के रूपपुर में सागर फ्यूल में गंभीर अनियमितताएं पाई गईं। इन पंपों पर अधिकारियों के संपर्क नंबर, मूल्य सूची और अग्नि सुरक्षा व्यवस्थाएं मानकों के अनुरूप नहीं थीं। बमरौआ में 1000 लीटर क्षमता के टैंक में अवैध रूप से डीजल भंडारित मिला था, जबकि डीजल बिक्री लाइसेंस प्रदर्शित नहीं था।



इसके अलावा रजिस्टर अधूरे और अप्रमाणित मिले थे। डेंसिटी रजिस्टर का सत्यापन नहीं था। पानी मापने की व्यवस्था उपलब्ध नहीं थी और शिकायत पुस्तिका भी अपूर्ण थी। इसके बाद सागर फ्यूल केएसके बमरौआ को सील कर उसका लाइसेंस निलंबित करने के लिए नोटिस जारी किया है। सागर फ्यूल रूपपुर की बिक्री प्रतिबंधित कर लाइसेंस निलंबन की प्रक्रिया शुरू कर दी है। विक्रमपुर का पेट्रोल पंप निरीक्षण के समय बंद मिलने पर सील कर डीजल लाइसेंस निलंबित कर दिया गया है।
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एक माह पहले ही थामा है सपा का दामन
रामपुर। आईओसी अफसर की कार पर फायरिंग की घटना के समय (14 जनवरी) सुरेंद्र सागर बसपा के पूर्व जिलाध्यक्ष रहे थे। बसपा शासन में उनके पास राज्यमंत्री का दर्जा भी रहा था। एक माह पहले ही सुरेंद्र सागर सपा में शामिल हुए हैं। उन्हें सपा में प्रदेश सचिव की जिम्मेदारी दी गई है। इस मामले में पूछने पर सुरेंद्र सागर ने किसी तरह के राजनीतिक बयान से इन्कार कर दिया। कहा कि कार्रवाई से जुड़ा प्रशासन का पत्र मिलने के बाद ही इस मामले में बात करेंगे। उधर, प्रशासन ने पंपों की चेकिंग और कार्रवाई को रुटीन की जांच और अनियमितता पर की गई कार्रवाई बताया है। ब्यूरो
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