रामपुर। रामरहीम कोठी निवासी विधवा नगमा ने सीओ और एक दरोगा पर अपराधी से मिलीभगत कर उनकी कोठी पर कब्जा कराने का आरोप लगाया था। महिला ने एडीजी बरेली जोन से शिकायत की थी। एडीजी के आदेश के बाद एसपी इस मामले की जांच कर रहे थे। बुधवार को एसपी ने दरोगा गौरव बालियान को लाइन हाजिर कर दिया।
एडीजी बरेली जोन को दिए गए शिकायत पत्र में नगमा ने आरोप लगाया था कि उनके मकान के पूर्व किरायेदार ने उन्हें गुमराह कर धोखाधड़ी से रजिस्ट्री अपने नाम करा ली। बाद में सिविल कोर्ट ने रजिस्ट्री रद्द कर उन्हें मकान में कब्जा दिला दिया।
प्रार्थिनी का आरोप है कि 11 मई 2026 को थाना पुलिस और एक पुलिस अधिकारी ने कथित तौर पर रिश्वत लेकर किरायेदार को मकान में तोड़फोड़ करने में मदद की। इस दौरान घर से चोरी भी की गई। नगमा के अनुसार डीआईजी मुरादाबाद के आदेश पर इस मामले में केस दर्ज हुआ था, लेकिन अब स्थानीय पुलिस की ओर से उन्हें धमकी मिल रही है।
एसपी सोमेंद्र मीणा ने बताया कि एडीजी कार्यालय से एक शिकायती पत्र प्राप्त हुआ था। इस मामले में दरोगा गौरव बालियान को लाइन हाजिर किया गया है। मामले की जांच की जा रही है।