छह पुलिस कर्मियों की निगरानी में चौबीस घंटे रहेंगे
23 माह बाद जेल से रिहा होने के सपा नेता आजम खां को पूर्व में दी गई वाई श्रेणी की सुरक्षा को वापस कर दिया गया है। वह छह पुलिस कर्मियों की निगरानी में चौबीस घंटे रहेंगे। सपा नेता आजम खां दस बार के विधायक, एक बार के लोकसभा सदस्य व राज्यसभा के सदस्य के साथ ही पांच बार प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री रह चुके हैं।
2012-2017 तक कैबिनेट मंत्री रहे आजम खां की मुश्किलें भाजपा सरकार आने के बाद 2019 से बढ़नी शुरू हुई थीं। उन पर कानूनी शिकंजा कसता चला गया। एक के बाद एक सौ से ज्यादा मुकदमे दर्ज हुए। डूंगरपुर,यतीमखाना बस्ती को खाली कराने के नाम पर लूटपाट, चोरी व डकैती के साथ ही मारपीट समेत अन्य धाराओं में मुकदमे दर्ज हुए।
23 माह पहले उन्हें बेटे के जन्म प्रमाणपत्र के मामले में कोर्ट से सजा हुई थी,जिसके बाद बेटे अब्दुल्ला आजम खां व पत्नी डॉ. तजीन फात्मा के साथ जेल चले गए थे। हालांकि अब सभी जमानत पर रिहा हो चुके हैं। उनको डूंगरपुर केस में भी सजा हो चुकी है। फिलहाल 23 माह बाद 23 सितंबर को सीतापुर जेल से रिहा हो गए थे।
जेल जाने से पहले उन्हें वाई श्रेणी की सुरक्षा मिली हुई थी, जिसे अब वापस कर दिया गया है। पुलिस अफसरों के मुताबिक वाई श्रेणी की सुरक्षा के तहत पांच पुलिस कर्मियों की एक गारद आवास पर तैनात होगी, जबकि तीन सुरक्षा कर्मी सपा नेता के साथ रहेंगे।
सपा नेता को पहले से ही वाई श्रेणी की सुरक्षा मिली हुई थी। इसे खत्म नहीं किया गया था। अब फिर से सुरक्षा दे दी गई है। - विद्या सागर मिश्र, एसपी