आचार संहिता के उल्लंघन के आरोप में पहले निलंबित और फिर बर्खास्त हुए सनातन धर्म इंटर कालेज के प्रधानाचार्य को राहत मिल गई है। जिला विद्यालय निरीक्षक ने प्रकरण में प्रधानाचार्य का पक्ष सुनने और जांच के बाद प्रधानाचार्य के निलंबन आदेश को निरस्त करते हुए कार्यभार ग्रहण कराने के आदेश दिए हैं।
सनातन धर्म इंटर कालेज में प्रधानाचार्य ओमप्रकाश को 28 अक्तूबर को बिना अवकाश स्वीकृत कराए छुट्टी पर जाने के आरोप में प्रबंध समिति ने सस्पेंड कर दिया था। निलंबन के लिए प्रबंध समिति का तर्क था कि प्रधानाचार्य ने गैैरहाजिर रहकर आचार संहिता का उल्लंघन किया था।
निलंबन के खिलाफ प्रधानाचार्य के साथ ही माध्यमिक शिक्षक संघ भी विरोध में आ गया था। इसी बीच 19 दिसंबर को प्रबंध समिति ने प्रधानाचार्य ओमप्रकाश को बर्खास्त कर दिया। प्रबंध समिति के इस आदेश को प्रधानाचार्य ओमप्रकाश ने जिला विद्यालय निरीक्षक के समक्ष चुनौती दी और अपना पक्ष रखने की बात कही।
22 दिसंबर को ओमप्रकाश ने जिला विद्यालय निरीक्षक के सामने उपस्थित होकर अपना पक्ष रखा। प्रकरण में जिला विद्यालय निरीक्षक माया देवी ने बर्खास्त प्रधानाचार्य ओमप्रकाश के निलंबन के आदेश को निरस्त करते हुए कार्यभार ग्रहण कराने का आदेश दिया है।
जिला विद्यालय निरीक्षक ने कहा कि प्रधानाचार्य की सेवा समाप्त करने के लिए सचिव उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक सेवा चयन बोर्ड के अनुमोदन होना चाहिए। निलंबन के 40 दिन के भीतर उत्तर प्रदेश इंटरमीडिएट शिक्षा अधिनियम के प्रावधान के अनुसार अनुमोदन न होने की स्थिति में 60 दिन में निलंबन स्वत: समाप्त हो जाता है।
हालांकि जिला विद्यालय निरीक्षक के इस संबंध में किसी भी आदेश के मिलने से प्रबंधक पंकज अग्रवाल ने मना किया है। वहीं, माध्यमिक शिक्षक संघ की ओर से फैसले पर खुशी जताते हुए जिला विद्यालय निरीक्षक के आदेश की प्रति लगाते हुए प्रेस नोट जारी किया है।