रामपुर। साइबर ठगों के गैंग का लीडर रामपुर के केले वाला तालाब निवासी सलमान है। पुलिस जांच में सामने आया है कि रामपुर में सलमान ही गैंग को संचालित करता था। इसके कनेक्शन तेलगांना, हैदराबाद, आंध्रप्रदेश, छत्तीसगढ़ के साइबर ठगों के गैंग से जुड़े हैं। पुलिस आरोपी की तलाश में दबिश दे रही है।
रविवार रात थाना सिविल लाइन और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने मोहल्ला मैगजीन फव्वारे के पास एक मकान में छापा मारकर आठ लोगों को गिरफ्तार किया था। इसमें रामपुर, उत्तराखंड और बिहार के लोग शामिल थे।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वह सलमान के लिए काम करते थे। सलमान तेलगांना, हैदराबाद, आंध्रप्रदेश, छत्तीसगढ़ से सिम, मोबाइल, एटीएम और बैंक अकाउंट का इंतजाम करता था। वह साइबर ठगी के पैसों से अपने रिश्तेदारों के नाम से संपत्ति और वाहन खरीदता था। पकड़ी गई बुलेट, थार और स्कूटी भी सलमान की हैं।
पकड़े गए ठग इंटर पास, सबको बांटा था अलग-अलग काम
साइबर ठगी के आरोप में पकड़े गए आठ लोगों को सलमान काम लाकर देता था। ये सभी युवक 12वीं पास हैं। सभी को सलमान ने अलग-अलग काम दिया था। इन युवकों का काम साइबर ठगी से आए पैसों को अलग-अलग खातों में स्थानांतरित करना था। इसके बाद ये एटीएम के माध्यम से पैसा भी निकालवाते थे।
जहां से राशन जाता था, उसने की पुलिस को मदद
पुलिस जांच के दौरान 20 दिन में इस मकान में पांच बार आई। यह अधिकांश समय बंद मिला। लोगों ने बताया कि यहां एक-दो व्यक्ति ही कभी-कभी आते जाते दिखाई देते हैं। पुलिस ने जब जांच के लिए एक नंबर को सर्विलांस में लगाया, तब जाकर एक रामपुर के नंबर में रिकार्ड हुई। इस व्यक्ति को पकड़कर पूछताछ की तो उसने बताया कि उसकी दुकान है। वह इस मकान में राशन लेकर आता है। मकान में 10 लोग रहते हैं और वे कंप्यूटर में लगे रहते हैं।
घर से नहीं निकलते थे बाहर, खाना बनाने के लिए रखा था कुक
पुलिस की जांच में सामने आया है कि साइबर ठग जिस मकान में रहते थे, उससे महीने में एक-दो बार ही बाहर जाते थे। घर में ही एक कुक रखा गया था। जो 10 लोगों का खाना बनाता था। साथ ही इन युवकों के कपड़े आदि धोता था। सलमान ही एक ऐसा व्यक्ति था जो गैंग के अन्य सदस्यों से मिलने बार-बार आता जाता रहता था।
बरामद मोबाइल सिम, एटीएम व बैंक पासबुक साउथ के निकले
पुलिस ने जब घर में छापा मारा तो वहां से मोबाइल सिम, बैंक पासबुक, चेकबुक व एटीएम आदि मिले। ये सभी तेलगांना, हैदराबाद, आंध्रप्रदेश, छत्तीसगढ़ के हैं। इसमें गायत्री बैंक, इंडियन बैंक इलाहाबाद, आंध्र प्रदेश ग्रामीण बैंक आदि की पासबुक, चेकबुक मिली हैं। सिविल लाइंस कोतवाली प्रभारी संजीव कुमार ने बताया कि कई सिम कार्ड, बैंक के एटीएम एक्टिवेट नहीं हुए हैं।