रामपुर। बरकतों के महीने रमजान माह को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं। चांद के दीदार और शहर काजी के एलान के साथ माह- ए- रमजान की शुरुआत होगी। इस बार 13 या 14 अप्रैल से माह- ए-रमजान की शुरुआत हो सकती है। इसको लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं।
माह-ए-रमजान की शुरुआत से ही इबादतों का सिलसिला शुरू हो जाएगा। रमजान माह को लेकर मस्जिदों और घरों में तैयारियां शुरू हो गई हैं। मुकद्दस रमजान माह में रोजेदार सुबह सहरी से लेकर तरावीह की नमाज तक पांचों वक्त की नमाजों की पाबंदी करते हैं। अलग-अलग मस्जिदों में तरावीह की नमाज में अलग-अलग संख्या में पारे पढ़ाए जाएंगे। पिछले साल लॉकडाउन के कारण माह-ए- रमजान में मस्जिदों में नमाजियों की संख्या सीमित थी, इसलिए रोजेदारों ने घरों पर ही नमाज अदा की थी। माह-ए-रमजान का पूरे साल इंतजार रहता है। बेशुमार बरकत और रहमत बरसाने वाले इस माह में मुस्लिम समाज के लोग अधिक से अधिक इबादत करते हैं। इसके साथ ही खैरात और जकात अदा करते हैं। सोमवार को अगर चांद दिखाई देगा तो मंगलवार को पहला रोजा होगा। अगर मंगलवार को चांद दिखाई देगा तो बुधवार 14 अप्रैल को पहला रोजा होगा। माह-ए- रमजान में नमाजियों की संख्या अधिक रहती है। इसको लेकर मस्जिदों में साफ-सफाई से लेकर नमाजियों के लिए अन्य व्यवस्थाएं पूरी की जा रही हैं।