बिलासपुर (रामपुर)। हाईवे स्थित नवीन मंडी के एक आढ़ती के साठा धान के एक करोड़ रुपये से ज्यादा की रकम हड़पने का मामला तीसरे दिन पुलिस प्रशासन और जिम्मेदार लोगों ने सुलझा दिया। हरियाणा के राइस मिलर्स ने 81 लाख रुपये की रकम माल व नकद एक अगस्त तक देने और बाकी 26 लाख रुपये छह महीने के भीतर चुकाने का वादा किया। समझौते के बाद राइस मिलर्स की पत्नी को घर जाने दिया, मगर बेटे को 81 लाख रुपये की पूरी रकम व माल मिलने पर ही छोड़ने की बात कही गई। राइस मिलर्स का बेटा अभी भी होटल में पुलिस व व्यापारियों की निगरानी में ठहरा हुआ है।
नगर की नवीन मंडी के एक व्यापारी ने हरियाणा के हिसार के जिले हांसी निवासी एक राइस मिलर्स को करीब एक करोड सात लाख रुपये का साठा धान बेचा गया था। व्यापारियों ने तीन दिन पूर्व राइस मिलर्स के बेटे, पत्नी, परचेजर को पकड़ लिया था। तीन दिनों से दोनों पक्षों के बीच पुलिस व स्थानीय लोगों की मौजूदगी में पंचायत चल रहीं हैं। तराई खाद्य व्यापार संघ के पूर्व चेयरमैन सुनील गुप्ता के अनुसार समझौता कराने राइस मिलर्स के करीबी हरियाणा से आए दो मध्यस्थों की मौजूदगी में बुधवार को एक होटल में पंचायत में हुई। समझौते के बाद राइस मिलर्स की पत्नी को यहां से जाने दिया गया है। जबकि 81 लाख की रकम एक अगस्त को प्राप्त होने तक राइस मिलर्स पुत्र को यहीं होटल में रोके रखा गया है। उन्होंने बताया कि तय हुआ है कि राइस मिलर्स नगर व माल के रूप में एक अगस्त तक 81 लाख रुपये का भुगतान करेगा। जिसमें चार ट्रक चावल आ गए हैं।