तलाक पीड़ित आयशा को एक बार फिर काशिफ अपनाने को तैयार हो गया है। काशिफ ने उससे दुबारा निकाह करने के लिए हामी भर ली है, जिसके बाद अब परिवार के लोग पहले कोर्ट मैरिज करेंगे और फिर इसके बाद आयशा का निकाह काशिफ से कराया जाएगा। यह फैसला गांव में लगी पंचायत में हुआ है।
अजीमनगर थाना क्षेत्र के खेड़ा टांडा गांव निवासी आयशा खातून को उसके पति काशिफ ने तीन दिन पहले तलाक दे दिया था। इस मामले की शिकायत आयशा ने अजीमनगर थाने पहुंचकर की थी। पुलिस ने इस मामले में रिपोर्ट दर्ज करते हुए मामले की तफ्तीश शुरू कर दी थी। आयशा का कहना है कि उसके पति ने फोन पर ही तलाक दे दिया था। आयशा खातून का निकाह दो साल पहले इसी गांव के मोहम्मद काशिफ के साथ हुआ था। काशिफ दिल्ली में अपने भाई दानिश की बिरयानी की दुकान पर काम करता है। आयशा की मानें तो वह गरीब थी इसकी वजह से उसे उसका पति नापसंद करता था।
उससे दहेज के रूप में दस लाख रुपये की मांग रखी थी, जिसे उसका परिवार पूरा नहीं कर पाया। उसने पति समेत ससुरालियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। आयशा का कहना है कि उसके पति ने उसे फोन पर तलाक दे दिया था और फिर वह चला गया।
उसका कहना था कि उसका पति दूसरा निकाह करना चाहता है, जिसका वह विरोध कर रही थी। इस मामले की रिपोर्ट दर्ज होने के बाद अब लड़का व लड़की पक्ष के लोग इस मामले को सुलह समझौते के आधार पर निपटाने की तैयारी में जुट गए हैं। इस मामले को सुलझाने के लिए गांव के मोज्जिज लोगों की मौजूदगी में पंचायत कराई गई। पंचायत में दोनों पक्षों के लोग मौजूद रहे।
इस दौरान पंचायत में भी काशिफ ने आयशा को अपनाने की हामी भर ली। पंचायत में फैसला हुआ कि दोनों की पहले कोर्ट मैरिज कराई जाएगी इसके बाद निकाह कराया जाएगा।