घर के सामने बनी कुइयां गृहस्वामी किसान के लिए मौत की कुइयां बन गई। कुइयां में पैर फिसलने से गिरे पड़ोसी युवक को बचाने के लिए किसान ने छलांग लगी दी। लेकिन कुइयां में बनी जहरीली गैस से किसान की मौत हो गई, जबकि पहले से गिरे युवक को बेहोशी की हालत में बाहर निकाल लिया गया। इस हादसे के बाद परिवार में कोहराम मच गया है।
कोतवाली क्षेत्र के नगला उदई गांव निवासी मोतीराम यादव (60) के मकान के सामने एक पुरानी कुइया है। जिसे मकान के बरामदे में ऊपर से सीमेंट के ढक्कन से ढक दिया गया है। रविवार को सुबह गांव निवासी सुरेश मोतीराम के घर आया था, अचानक उसका पैर फिसल गया और कुइयां में जा गिरा। सुरेश को बचाने के लिए मोतीराम यादव भी कुइयां में घुस गए। कुइयां के भीतर जहरीली गैस बनने के कारण सुरेश को बचाकर निकालने के चक्कर में मोतीराम बेहोश हो गए। सुरेश का भी दम घुटने लगा। कुइयां में दो लोगों के गिरने पर परिवार ने शोर मचा दिया। आसपास के लोग आ गए। सबने मिलकर पहले सुरेश को बाहर निकाल लिया। बाद में मोतीराम को निकाला गया।
दोनों को बेहोशी की हालत में सीएचसी पर लाया गया, जहां मोतीराम को मृत घोषित कर दिया। मोतीराम के मौत की खबर से परिवार में कोहराम मच गया। सुरेश की हालत गंभीर है उसका बरेली के निजी अस्पताल में उपचार चल रहा है। कुइयां में फंसे लोगों की सूचना पर पुलिस एवं प्रशासन हरकत में आ गया। तहसीलदार तहसीलदार नायब तहसीलदार, नायब तहसीलदार हामिद हुसैन तथा प्रभारी कोतवाल तेजवीर सिंह सीएचसी पर पहुंच गए। उपजिलाधिकारी लालता प्रसाद शाक्य ने भी सीएचसी पर पहुंचकर घटना की जानकारी ली। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरा और पीएम को भेजा है।