यह संशोधन रविवार की आधी रात से लागू हो गए हैं। रविवार रात से लागू हुए कानूनों की बारीकियों को समझने में पुलिसकर्मियों की उलझन बढ़ी रही। दिन भर पुलिस कर्मी नए कानून की बारीकियों को समझने में लगे रहे। रात 12 बजे से सोमवार की रात आठ बजे तक जिले के किसी भी थाने में कोई मुकदमा दर्ज नहीं हुआ।
हालांकि पुलिस ने कल रात 11.58 तक मुकदमे जरूर दर्ज किए इसके बाद थानों के आपराधिक रजिस्टर में नए मुकदमों की एंट्री नहीं हुई। पुलिस अधीक्षक विद्या सागर मिश्रा ने बताया कि रात आठ बजे तक जिले के किसी भी थाने में कोई भी मुकदमा दर्ज नहीं हुआ है। नई धाराओं में मुकदमे दर्ज करने के लिए कोई शिकायत थानाध्यक्षों को नहीं मिली है।
पुरानी धाराओं में दर्ज किया मुकदमा
नए कानून को लेकर रामपुर पुलिस किस तरह उलझी रही इस बात का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पुलिस ने रविवार की रात 11:53 मिनट तक पुराने कानून के अनुसार मुकदमे दर्ज किए। पुलिस सूत्रों के अनुसार सिविल लाइंस थाने की पुलिस ने रविवार की रात 11:53 मिनट पर वाहन चोरी का एक मुकदमा दर्ज किया। इसी तरह शाहबाद थाने में बैग चोरी का मुकदमा रविवार की रात 10:58 पर दर्ज किया गया।
नए कानूनों के जरिए आम जनता को त्वरित न्याय मिलेगा। इलैक्ट्रानिक साक्ष्यों को भी विवेचना अधिकारी द्वारा विवेचना में शामिल किया जाएगा। साथ ही पुलिस की भी जिम्मेदारी तय की गई है, जिसमें समय सीमा का भी उल्लेख किया गया है।पुलिस अधिकारियों की जिम्मेदारी और बढ़ गई है। - शिव नरेश तोमर महासचिव, बार एसोसिएशन
तीन नए कानूनों के जरिए अमूलचूल परिवर्तन किया गया है। कुछ पुराने कानूनों को समाप्त कर नई धाराओं को जोड़ा गया है। जैसे मॉब लिचिंग, सुपारी देकर बालक से अपराध करना, संगठित अपराध करने जैसे अपराध को नए कानून में शामिल किया गया है। इससे लोगों को त्वरित न्याय मिलेगा। - अमरपाल सिंह यादव पूर्व महासचिव बार एसोसिएशन