लखनऊ के अधिकारियों ने बिजली अफसरों की क्लास ली। उपखंड अधिकारियों से भी बात की। उन्होंने वसूली में सुस्ती को लेकर अधिशासी अभियंता की जमकर फटकार लगाई। साथ ही सुधार न होने पर कार्रवाई के लिए चेताया। निर्देश दिया कि बकाएदारों के कनेक्शन काटे जाए। यदि कहीं बिना भुगतान लाइन चलती मिले तो अधिकारी संबंधित संविदा कर्मी के खिलाफ भी रिपोर्ट दर्ज कराए।
सरकार की तमाम कोशिशों के बाद भी बिजली चोरी के मामले में रामपुर शीर्ष 17 जिलों में शामिल है, जिसके बाद सरकार ने पावर ऑफ ऑल के मुख्य अभियंता हर्षमुंशी को रामपुर का नोडल अधिकारी नामित किया गया। खुद प्रमुख सचिव हर सप्ताह बिजली चोरी को लेकर शीर्ष जिलों की समीक्षा करते हैं, लेकिन रामपुर के हालात इसके बाद भी नहीं सुधर रहे हैं।
ऐसे मुख्य अभियंता सोमवार को लखनऊ से रामपुर पहुंचे, जहां विभाग के सभी अधिकारियों के साथ बैठक की। इस दौरान रामपुर में बिजली चोरी कम न होने पर सख्त नाराजगी जताई। राजस्व वसूली में भी शहर की स्थिति काफी खराब है, जिसके बाद अधिशासी अभियंता सचिन कुमार को फटकार लगाई।
सभी उपखंड अधिकारियों को चेतावनी दी कि हरहाल में लाइनलॉस 15 फीसद से नीचे आ जाए। इसके लिए व्यापक चेकिंग अभियान चलाए जाए। वसूली को लेकर प्रत्येक अवर अभियंता के अनुसार लक्ष्य निर्धारित किया। कहा कि स्थानीय अधिकारी राजस्व वसूली को लेकर गंभीर नहीं हैं, जिसकी वजह से हालात खराब हैं।
ऐसे में इस बात को ध्यान रखा जाए कि बकाए के चलते किसी की लाइन बिना भुगतान के न जोड़ी जाए। यदि कहीं ऐसा होता है तो संबंधित संविदा कर्मी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जाए। इस दौरान अधीक्षण अभियंता विजयपाल समेत सभी उपखंड अधिकारी उपस्थित रहे।