इसे संयोग ही कहा जाए कि दो जुड़वां भाइयों को उनकी जीवन साथी भी जुड़वां बहनों के रूप में मिली। दोनों भाइयों की शादी दो जुड़वां बहनों से हुई है। गांव के लोग इसे संयोग ही मान रहे हैं, लेकिन वे इस वक्त तो अपनी खुशी का भी इजहार नहीं कर पा रहे हैं क्योकि उनके गांव में तो इस सन्नाटा पसरा हुआ है।
कहते हैं कि जोड़ियां ऊपर से ही बनकर आती हैं और यह भी संयोग ही माना जाएगा कि दो जुड़वा भाइयों को पत्नी के रूप में दो जुड़वां बहने ही मिल गई। मामला सिविल लाइंस थाना क्षेत्र के मिलक चिकना गांव से जुड़ा हुआ है। मिलक चिकना गांव में रहने वाले हरिओम व किशन पाल दोनों ही जुड़वां भाई हैं। उनका विवाह बिलासपुर क्षेत्र के सिमरा गांव में दो जुड़वां बहनों से तय हुआ।
तय कार्यक्रम के मुताबिक सोमवार को उनकी बारात बिलासपुर क्षेत्र के सिमरा गांव पहुंची और रात के वक्त शादी भी हो गई। संयोग की ही बात की है कि दोनों भाइयों को उनकी जीवन संगिनी भी जुड़वां मिली हैं। भारतीय किसान यूनियन के मंडल उपाध्यक्ष हसीब अहमद के मुताबिक यहा के हरिओम व किशनपाल की शादी ममता और सुमन नाम की जुड़वां बहनों से हुई है।