रामपुर। जिले में स्वास्थ्य विभाग की ओर से मलेरिया नियंत्रण के लिए संक्रमित मरीजों को मलेरिया ट्रीटमेंट कार्ड जारी करने की शुरुआत की जा रही है। इस कार्ड की पहचान और उसकी मेडिकल हिस्ट्री का रिकाॅर्ड रखा जाएगा। जिससे मरीज के पूरे कोर्स की देखभाल आसानी से हो सकेगी।
जिले में पहली बार स्वास्थ्य विभाग की ओर से मलेरिया के संक्रमित मरीजों के लिए कार्ड को अनिवार्य किया है। कार्ड में मरीज का पूरा हेल्थ रिकॉर्ड स्वास्थ्य विभाग की तरफ से बने इस मलेरिया ट्रीटमेंट कार्ड में दर्ज किया जाएगा। कार्ड में मरीज का मोबाइल नंबर, आशा वर्कर का नाम दर्ज किया जाएगा। कार्ड में यह भी उल्लेख होगा कि मरीज को प्लाज्मोडियम फैल्सीपेरम मलेरिया है या प्लाज्मोडियम वाइवेक्स है।
इसमें मलेरिया के इलाज में इस्तेमाल होने वाली मुख्य दवाओं की मात्रा और दिनों का स्पष्ट विवरण दिया जाएगा। मरीज को दवा खाने के बाद कार्ड पर उस तारीख के सामने टिक करना होगा। आशा वर्कर भ्रमण के दौरान इस कार्ड की जांच करेंगी। इस कार्ड में दवाओं के नाम और डोज की जानकारी इतने सरल शब्दों में लिखी जाएगी कि कम पढ़ा-लिखा व्यक्ति भी आसानी से इसे समझ सकेगा। महिला मरीजों के लिए गर्भावस्था के हफ्तों का कॉलम अलग से दिया गया है, ताकि दवा देते समय सावधानी बरती जा सके।
जिले में मलेरिया नियंत्रण के लिए संक्रमित मरीजों को मलेरिया ट्रीटमेंट कार्ड जारी करने की शुरूआत की जा रही है। इस कार्ड से संक्रमित पाए गए मरीज का पूरा विवरण दर्ज किया जाएगा। इस कार्ड में इस्तेमाल होने वाली मुख्य दवाओं की मात्रा और दिनों का स्पष्ट विवरण दिया जाएगा। -डॉ. दीपा सिंह, सीएमओ