चाकू से गोदकर हत्या करने के मामले में कोर्ट ने सीतापुर के युवक को उम्रकैद व एक लाख रुपये जुर्माना अदा करने की सजा सुनाई है। हत्या की यह वारदात बिलासपुर कोतवाली क्षेत्र के खालसा डिग्री कॉलेज के पास बने यात्री शेड के पास 15 सितंबर 2021 को हुई थी।
यहां पर क्षेत्र के ग्राम धावनी हसनपुर निवासी लक्षमण अपने साथियों के साथ बैठा हुआ था। यहां पर लक्षमण के सीतापुर के हरगांव थाना क्षेत्र के तोड़पुर मझरा पिपराधुरी गांव निवासी परमजीत सिंह उर्फ बाबू भी बैठा हुआ था। परमजीत सिंह से लक्षमण की किसी बात को लेकर बहस हो गई,जिसके बाद परमजीत ने लक्षमण पर चाकू से हमला कर दिया, जिससे लक्षमण बुरी तरह घायल हो गया।
घायल को सीएचसी बिलासपुर ले जाया गया,जहां पर डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया था। इस मामले में मृतक के भाई वेदराम ने परमजीत सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस ने मुकदमा दर्ज करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया और फिर इस मामले की तफ्तीश की और चार्जशीट कोर्ट में दाखिल कर दी।
इस मामले की सुनवाई मंगलवार को एडीजे-7 मोहम्मद रफी की कोर्ट में हुई। सुनवाई के दौरान अभियोजन की ओर से सहायक शासकीय अधिवक्ता अंजू सिंह ने वादी मुकदमा सहित कई गवाहों के बयान दर्ज कराए और आरोपी को कड़ी सजा देने की मांग की। बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने तर्क दिया कि घटना का कोई स्वतंत्र साक्षी नहीं है और पत्रावली उपलब्ध गवाहों के बयान में विरोधाभास है। दोनों पक्षों की दलील सुनने के बाद कोर्ट ने परमजीत सिंह उर्फ बाबू को दोषी करार देते उम्रकैद व एक लाख रुपये का जुर्माना अदा करने की सजा सुनाई है। कोर्ट ने अर्थदंड की पूरी राशि मृतक के परिवार को देने के आदेश दिए हैं।