बाबरी विध्वंस के विरोध में मुस्लिम संगठन सड़कों पर उतर आए। किसी ने बाहों पर काली पट्टी बांधकर काला दिवस तो किसी ने अफसोस दिवस मनाया। संगठनों ने शहर में जुलूस निकालकर कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। साथ ही जिलाधिकारी के जरिये राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजे।
वहीं, पैंगबर-ए-इस्लाम की शान में गुस्ताखी करने वाले के खिलाफ सख्त कार्रवाई की भी मांग की। आल इंडिया मुस्लिम फेडरेशन के कार्यकर्ताओं ने बाहों पर काली बांधकर शहर में जुलूस निकाला। कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट गेट पर पहुंचे और प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के बाद नगर मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा।
डीएम के जरिये राष्ट्रपति को भेजे ज्ञापन में बाबरी मस्जिद शहीद करने के आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई, बाबरी मस्जिद का निर्माण उसी स्थान पर कराने की मांग की। ज्ञापन में कहा कि छह दिसंबर का दिन राष्ट्रीय शोक दिवस की तरह मनाया जाए।
ज्ञापन भेजने वालों में राष्ट्रीय महासचिव बाबर खां, प्रदेश संगठन मंत्री हाजी जमीर रिजवी, मौलाना इदरीस कासमी, अजीम इकबाल, जाफर खां, मास्टर फिरोज खां, शादाब खां, दिलावर खां, अब्दुल सत्तार, अब्दुल अजीज, आरिज खां, मसरूर मियां, यामीन खां, तारिक खां, मोहसिन खां, थे।