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अंदरखाने बन रही चुनाव की रणनीति

Sat, 26 Dec 2015 11:23 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला रामपुर
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जिला पंचायत अध्यक्ष के चुनाव के लिए नामांकन एक जनवरी को होगा। अभी तक किसी भी दल से प्रत्याशी का नाम सामने नहीं आया है। न तो सपा ने प्रत्याशी का एलान किया है और न ही किसी दूसरे दल ने अपने पत्ते खोले हैं। अंदरखाने चुनाव को लेकर रणनीति बनाई जा रही है।
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गुपचुप मीटिंग और संपर्क करने सिलसिला जारी है। कयास लगाए जा रहे हैं कि सपा नामांकन से दो-तीन दिन पहले प्रत्याशी के नाम का एलान कर सकती है। गौरतलब है कि जिला पंचायत अध्यक्ष के लिए चुनाव सात जनवरी को होगा। एक जनवरी को नामांकन होगा। नामांकन में अब कुछ दिन का वक्त ही रह गया है।


अभी तक किसी ने भी इस चुनाव को लेकर अपने पत्ते नहीं खोले हैं। सबकी नजर सपा पर लगी है। रामपुर में जिला पंचायत सदस्यों की संख्या 35 है। जिसके पाले में 18 से अधिक सदस्य होंगे अध्यक्ष उसी का बनेगा। चुनाव के बाद जो स्थिति सामने आई है उसमें कोई भी दल या गुट 18 के आंकड़े को पार नहीं कर सका है।
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सपा समर्थित 14 सदस्य चुनाव जीते हैं। भाजपा समर्थित पांच, बसपा समर्थित एक, कांग्रेस समर्थित दो और वर्तमान जिला पंचायत अध्यक्ष अब्दुल सलाम के गुट के लगभग छह प्रत्याशी चुनाव जीते हैं। शेष सदस्य निर्दलीय हैं। इन पर सभी की नजरें लगी हैं।


जिला पंचायत के चुनावों के बाद नगर विकास मंत्री आजम खां ने दावा किया था कि उनके संपर्क में 22 सदस्य हैं। अगला जिला पंचायत अध्यक्ष सपा का ही बनेगा। रामपुर में जिला पंचायत अध्यक्ष का पद अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित है। सपा में इस पद के लिए तीन-चार नाम सामने आ रहे हैं।


इन दावेदारों के पीछे पार्टी के अलग-अलग नेता खड़े हैं। अंतिम फैसला नगर विकास मंत्री आजम खां करेंगे। उम्मीदवार चाहे कोई हो, लेकिन ये बात तो तय है कि सपा की ओर जिला पंचायत अध्यक्ष के लिए दावा जरूर ठोका जाएगा।


इसका अलावा वर्तमान जिला पंचायत अध्यक्ष अब्दुल सलाम की ओर से भी किसी प्रत्याशी को मैदान में उतारे जाने की संभावना है। सलाम के पास छह सदस्य हैं। वो भाजपा समर्थित और निर्दलीय सदस्यों से संपर्क बनाए हुए हैं। सलाम भी इस चुनाव को लेकर अपने पत्ते खोलने के मूड में नहीं है।


उनका कहना है कि पहले सपा मैदान में तो आ जाए, इसके बाद वो अपनी रणनीति का खुलासा करेंगे। चुनाव से कुछ दिन पहले अपने वित्तीय और प्रशासनिक अधिकार सीज किए जाने को लेकर सलाम अपना पूरा जोर लगाने की कोशिश करेंगे।
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