मंगलवार रात से लेकर बुधवार शाम तक मौसम का मिजाज पूरे जिले में अलग-अलग रहा। कहीं झमाझम बारिश हुई तो कहीं लोग बारिश को तरस गए तो कहीं महज फुहारों से ही लोगों को संतुष्टि करनी पड़ी लेकिन, मौसम में बदलाव से तापमान में दो डिग्री सेल्सियस तक की कमी हुई, जिससे लोगों को गर्मी से राहत जरूर मिली।
पिछले सप्ताह से ही शहर में लोग बारिश को तरस रहे हैं। सप्ताह भर में कई बार काफी घने बादल आसमान में छाए लेकिन, बरसे नहीं तो कभी हल्की फुहारों के बाद मौसम साफ हो गया। मंगलवार रात को शहर में कुछ फुहार पड़ी लेकिन, इसके बाद बुधवार शाम तक आसमान में बादलों की लुकाछिपी जारी रही लेकिन, बारिश नहीं हुई।
कभी घने बादल छा जाते तो कभी धूप निकल आती लेकिन, ग्रामीण क्षेत्रों में बारिश हुई। मिलक क्षेत्र में जमकर बदरा बरसे तो बिलासपुर और स्वार क्षेत्र में भी हल्की बूंदाबांदी हुई। बारिश और बादलों के कारण अधिकतम तापमान में दो डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान में एक डिग्री सेल्सियस की कमी दर्ज की गई। बुधवार को अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस रहा तो न्यूनतम तापमान 26 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं आर्द्रता 75 से 90 फीसदी के बीच रही।
बिलासपुर क्षेत्र में मंगलवार की रात व बुधवार को दिन में नगर और क्षेत्र में हुई हल्की बूंदाबांदी से मौसम खुशगवार हो गया। पूरे दिन आकाश में काले बादल छाए रहे। किसानों की निगाहे पूरे दिन आकाश की तरफ ही बारिश को निहारती रहीं, मगर ठीक से बारिश नहीं हो सकी। किसानों का कहना था कि अगर बारिश जोरदार हो जाए तो धान, गन्ना आदि फसलों को काफी लाभ हो जाएगा और उन्हें डीजल फूंक कर आर्थिक नुकसान नहीं उठाना पड़ेगा।