ज्वैलरी पर एक्साइज ड्यूटी के विरोध में सर्राफा कारोबारियों का प्रदर्शन 28वें दिन भी जारी रहा। मंगलवार को ज्वालानगर सर्राफा कमेटी से जुड़े कारोबारियों ने भूख हड़ताल शुरू कर दी। साहूकारा सर्राफा कमेटी के सदस्यों ने राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजकर एक्साइज ड्यूटी समाप्त करने की मांग की है। ज्वालानगर सर्राफा कमेटी ने एक्साइज ड्यूटी समाप्त न होने पर भूख हड़ताल पर बैठने की चेतावनी दी थी।
मंगलवार से कारोबारियों ने भूख हड़ताल शुरू कर दी। कारोबारियों ने निर्णय लिया कि आठ-आठ सदस्यों के समूह में भूख हड़ताल पर बैठा जाएगा। मंगलवार को प्रदीप सिंह, मनोज रस्तोगी, प्रदीप रस्तोगी, कमल किशोर रस्तोगी, पारस, उमेश रस्तोगी, राजीव लोचन और रामकिशन गुप्ता भूख हड़ताल पर बैठे। कमेटी के अध्यक्ष कमल किशोर रस्तोगी ने कहा कि सर्राफा कारोबारियों की एकजुटता का ही परिणाम है कि व्यापार मंडल और बसपाई भी हमारा समर्थन कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि इसी प्रकार आगे बढ़ना है, जिससे सरकार को भी सर्राफा कारोबारियों की परेशानी का अहसास हो। इस दौरान अंकुर अग्रवाल, महेश रस्तोगी, दिलीप गायेल आदि मौजूद रहे। वहीं, साहूकारा सर्राफा कमेटी ने जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजकर एक्साइज ड्यूटी वापस लिए जाने की मांग की है। इससे पहले कारोबारियों ने सर्राफा बाजार में मीटिंग की।
विनोद कुमार गप्पल ने कहा कि केंद्र सरकार हठधर्मिता और तानाशाही रवैया अपना रही है। इस दौरान परितोष चांदीवाला, दिलीप रस्तोगी, राकेेश मिश्रा, राजीव शर्मा, अवतार सिंह, उमेश अग्रवाल, प्रदीप खंडेलवाल, संजीव आर्य, चंद्रप्रकाश रस्तोगी, अशेष अग्रवाल, रवि प्रकाश, अजय अग्रवाल, संजय पाठक आदि मौजूद रहे।