कार्तिक पूर्णिमा का त्योहार बुधवार को धूमधाम से मनाया जाएगा। श्रद्धालु कोसी और रामगंगा समेत अन्य नदियों में आस्था की डुबकी लगाएंगे। कोसी घाट पर मेला भी लगाया गया है। मेले में विभिन्न संगठनों की ओर से कैंप भी लगाकर भजन कीर्तन किए जाएंगे।
कार्तिक पूर्णिमा पर श्रद्धालु नदियों में आस्था की डुबकी लगाकर पुण्य लाभ कमाते हैं। कार्तिक पूर्णिमा का त्योहार बुधवार को मनाया जाएगा। कोसी नदी में इस वक्त पिछले साल के मुकाबले काफी साफ पानी है। इससे लोगों में भी उम्मीद जगी है। जिला पंचायत की ओर से घाटमपुर स्थित कोसी नदी के घाट पर मेला लगाया जाएगा।
विभिन्न संगठनों की ओर से हर साल की तरह इस साल भी कैंप लगाए जा रहे हैं। दिनभर कैंप लगाए जाने का काम होता रहा। जिला पंचायत से जुड़े अफसरों ने भी मौका मुआयना किया। मेला स्थल पर पीने के पानी के लिए टैंकरों के साथ ही नलों की भी व्यवस्था की गई है। सुरक्षा के भी व्यापक इंतजाम किए गए हैं।
मेला स्थल पर पुलिस और पीएसी के इंतजाम किए गए हैं। एसपी साधना गोस्वामी के मुताबिक मेले में पुलिस तैनात रहेगी। महिला पुलिस की भी ड्यूटी लगाई जाएगी। कोसी नदी के घाट पर अस्थायी पुल भी तैयार किया गया है। कोसी नदी के तट पर विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से कैंप भी लगाया जाएगा।
इसमें कानून के बारे में जानकारी दी जाएगी। कैंप की तैयारियों को लेकर न्यायिक अफसरों ने मंगलवार को मेला स्थल का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने आवश्यक निर्देश दिए। कोसी नदी तक पहुंचने के लिए लोगों को भारी धूल और गढ्डों के बीच से होकर गुजरना होगा। क्योंकि घाट तक पहुंचने के लिए कोई रास्ता तैयार नहीं किया गया है।
भारी अव्यवस्थाओं के बीच जिला पंचायत की ओर से जो मेला लगाया गया है। इसमें लोगों को ज्यादा दिक्कतें होने वाली हैं। घाटमपुर से नदी के घाट तक कोई पक्का रास्ता नहीं है। खेत खलिहान होकर लोग मेला स्थल तक पहुंचेंगे। पूरे रास्ते में धूल ही धूल है। यहां पर कई स्थानों पर गहरे गड्ढे हैं।