रामपुर। भाजपा लघु उद्योग प्रकोष्ठ के क्षेत्रीय संयोजक आकाश सक्सेना ने सांसद आजम खां पर बेनामी संपत्ति और टैक्स में अनियमितता का आरोप लगाया है। इसको लेकर उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्रालय में शिकायत की थी और दस्तावेज सौंपे थे। मामले को गंभीरता से लेते हुए केंद्रीय मंत्रालय के अंडर सेक्रेटरी ने ईडी (प्रवर्तन निदेशालय) को जांच के आदेश दे दिए हैं।
भाजपा नेता संयोजक आकाश सक्सेना ने केंद्रीय गृह मंत्रालय के अंडर सेक्रेटरी अशोक कुमार पाल से मुलाकात की। सक्सेना ने उनको जौहर ट्रस्ट के सभी सदस्यों की संपूर्ण संपत्ति की जानकारी एवं कुछ महत्वपूर्ण कागजात सौंपे। उन्होंने कहा कि सांसद आजम खां ने 2012 में समाजवादी पार्टी की सरकार बनने के बाद 560 एकड़ भूमि में जौहर विश्वविद्यालय का निर्माण कार्य शुरु करवाया। इसमें नियमों और कानून को ताख पर रखकर बहुत बड़ी मात्रा में सरकारी धन का दुरुपयोग और सरकारी जमीनों एवं गरीब किसानों एवं अनुसूचित जाति के लोगों की जमीनों को जबरन अपने नाम करवा कर उस पर भवन निर्माण कराना शुरु कर दिया। आजम खां ने अपने ठेकेदारों, उद्योगपतियों से करोड़ों रुपये चंदे के रूप में लेकर काले धन को सफेद करने की भी कोशिश की थी, जबकि जिन जिन लोगों से चंदा लिया गया है उनमें से सैकड़ों लोगों को यह भी नहीं पता कि उनके नाम की रसीदें काट दी गई हैं। उनमें से कई लोगों के पते फर्जी पाए गए हैं एवं कई लोगों के तो आयकर विभाग में रिटर्न दाखिल नहीं किए गए हैं, जबकि उनके नाम से जौहर विश्वविद्यालय को करोडों रुपये का चंदा देना दिखाया गया है। ऐसे चंदे देने वालो में रामपुर, मुरादाबाद, अमरोहा, सम्भल इत्यादि के पांच हजार से ज्यादा लोग हैं। इसके अलावा शिकायत में यह भी कहा गया है कि जौहर विश्वविद्यालय में स्थित भवन निर्माण के अंतर्गत किसी भी तरीके का कोई सेस एवं कोई टैक्स नहीं जमा किया गया है व निर्माण कार्य में सरकारी योजनाओं एवं सरकारी मशीनरी का जमकर दुरुपयोग किया गया है। उन्होंने कई गंभीर आरोप लगाते हुए पूरे मामले की बारीकी से जांच कराने की मांग की। इसके अलावा जौहर ट्रस्ट के हर सदस्य की निजी संपत्ति की जांच की भी आवश्यकता है।
पूरे प्रकरण को केंद्रीय मंत्रालय ने गंभीरता से लिया और ईडी के स्पेशल डायरेक्टर को जांच के आदेश दिए। उन्होंने शीघ्रता से जांच करने और कार्रवाई के लिए कहा है। साथ ही साथ डीओपीएडटी विभाग को भी जांच में पूर्ण सहयोग करने के निर्देश दिए हैं। यह विभाग बेनामी संपत्ति की जांच करता है। भाजपा नेता आकाश सक्सेना ने बताया कि बहुत जल्द ही ईडी के स्पेशल डायरेक्टर को उन ठेकेदारों के नाम भी सौंप दिए जाएंगे, जो पिछली समाजवादी सरकार के पांच वर्ष के कार्यकाल के दौरान अचानक से करोड़पति बने हैं व जिन लोगों ने गैरकानूनी तरीके से जौहर विश्वविद्यालय में चंदा और धन दिया है।