सोनकपुर गांव निवासी तसवीर अहमद खेतिहर मजदूर है। वह गुरुवार की सुबह लगभग छह बजे मजदूरी करने के लिए घर से निकल गया। उसकी पांच वर्षीय बेटी अल्शिफा नूर सुबह सोकर उठी तब वह अपने पिता को घर में न पाकर अकेली ही गांव के बाहर स्थित अपने खेत पर चली गई।
गांव के बाहर कुत्तों का एक झुंड घूम रहा था। खूंखार कुत्तों ने बच्ची को घेर लिया और उसे बुरी तरह नोच दिया। संयोग से उधर से गुजर रहे बच्ची के ताऊ ने जब रोने चिल्लाने और कुत्तों के भौंकने की आवाज सुनी तो वह दौड़कर उधर गए।
कुतों के चंगुल से बच्ची को बचाने के बाद वह उसे लहूलुहान हालत में सीएचसी लेकर पहुंचा, लेकिन यहां चिकित्सक ने उसे मृत घोषित कर दिया। बच्ची की गर्दन पर गहरे घाव थे।