राजस्थान एवं हरियाणा से आ रहे रेता, बजरी हाइवे निर्माण के साथ ही कालाबाजारी भी किया जा रहा है। इसको लेकर जिलाधिकारी को लगातार शिकायतें मिल रहीं थीं, जिसके बाद डीएम ने जांच के आदेश दे दिए हैं।
खनन, जीएसटी, एआरटीओ समेत कई विभागों के अधिकारी अपने अपने विभाग से संबंधित जांच करेंगे, जिसके बाद रिपोर्ट जिलाधिकारी को भेजी जाएगी। इससे पूर्व एक दिन पहले ही जिलाधिकारी ने रेलवे स्टेशन के मालगोदाम पर जाकर निरीक्षण किया था, जहां संबंधित दस्तावेज भी तलब किए गए हैं।
नैनीताल हाइवे को बनाने के लिए राजस्थान एवं हरियाणा से रेता, बजरी एवं क्रशिंग मैटेरियल रामपुर आ रहा है। रेलवे के जरिए आने वाले इस माल को स्टेशन के ही मालगोदाम पर उतारा जा रहा है, जहां से ट्रकों में भरकर माल साइट पर जा रहा है। शिकायत यह भी है कि हाइवे निर्माण के लिए आ रही सामग्री बाजार में सस्ते दामों पर बेची जा रही है।
इस मामले में कुछ लोगों ने जिलाधिकारी महेन्द्र बहादुर सिंह से शिकायत की थी। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने आला अधिकारियों के साथ रेलवे स्टेशन के मालगोदाम का निरीक्षण किया था। साथ ही अफसरों को जांच के आदेश दिए।
इस मामले में खनन विभाग, परिवहन विभाग एवं जीएसटी विभाग के अधिकारी जांच करेंगे। सूत्रों की मानें तो संबंधित कंपनी से दस्तावेज भी तलब किए गए हैं। इसमें देखा जाएगा कि जो माल रामपुर आ रहा है वह कहां से और कितना आ रहा है? इसकी रॉयल्टी कटवाई गई है अथवा नहीं? टैक्स संबंधित सभी नियमों का पालन किया गया है अथवा नहीं? इसके अलावा लोकल में माल बिकने की शिकायतें कहां तक ठीक हैं। जांच के बाद अधिकारी रिपोर्ट जिलाधिकारी को देंगे, जहां कोई गड़बड़ी मिली तो सीधे कार्रवाई की जाएगी।