इससे खफा आजम खां ने जांच के आदेश दिए हैं। बोले, अगर एक भी रिक्शा गलत बांटी गई है तो दोषी अधिकारियों के खिलाफ क्रिमनल धाराओं में रिपोर्ट कराई जाएगी।
नगर विकास मंत्री मोहमद आजम खां ने पिछले दिनों ने 391 पोलरों को ई- रिक्शा बांटी थीं।
ई- रिक् शा के लाभार्थियों का चयन जिला नगरीय विकास अभिकरण ने किया था। लेकिन, तमाम लाभार्थियों का गलत चयन कर लिया गया। ई-रिक्शा वितरण में धांधली को लेकर आजम खां खफा हैं। उन्होंने कहा अधिकारियों ने नगर पालिका चेयरमैन की लिस्ट के मुताबिक लाभार्थियों का चयन न कर ऐसे लोगों को लोगों को भी ई- रिक्शा दे दिया, जिन्होंने कभी चलाया ही नहीं है। ऐसे लोगों ने ई-रिक्शा अपने नौकरों को दे दी। उसका इस्तेमाल घरों की औरतों को बाजार ले जाने और सब्जी लाने में किया जा रहा है।
आजम खां ने कहा कि ई- रिक्शा के लाभार्थियों के चयन की जांच के आदेश दे दिए गए हैं। जांच में अगर एक भी रिक्शा गलत बंटना पाया गया तो दोषी अधिकारियों के खिलाफ क्रिमनल धाराओं में रिपोर्ट कराई जाएगी। आजम खां ने कहां कि ई- रिक्शा के लाभार्थियों के चयन में धांधली की शिकायतें मिलने पर दूसरे जनपदों में भी रिक्शा वितरण पर रोक लगा दी है। पहले लाभार्थियों की पात्रता की जांच कराई जाएगी।