जिले में रविवार को 18 परीक्षा केंद्रों पर कड़े सुरक्षा इंतजामों के बीच शिक्षक पात्रता परीक्षा संपन्न हुई। अभ्यर्थियों को तलाशी के बाद परीक्षा केंद्रों पर प्रवेश दिया गया। दोनों पालियों की परीक्षा में 13302 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी जबकि 678 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। सुरक्षा और शांति व्यवस्था के लिहाज से परीक्षा केंद्रों पर बड़ी तादात में पुलिस फोर्स तैनात रही। जिलाधिकरी एवं पुलिस अधीक्षक ने परीक्षा केंद्रों पर भ्रमण कर जायजा लिया।
रविवार को शिक्षक पात्रता परीक्षा थी। पहली पाली में प्राथमिक स्तर एवं द्वितीय पाली में उच्च प्राथमिक स्तर की परीक्षा हुई। इसके लिए जिले में 18 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। सभी परीक्षा केंद्रों पर भारी तादाद में पुलिस फोर्स तैनात रही। सुबह दस बजे से दोपहर साढ़े बारह बजे तक होने वाली परीक्षा के लिए सुबह से ही अभ्यर्थियों के पहुंचने का सिलसिला शुरु हो गया। इसके बाद सुबह साढ़े नौ बजे से अभ्यर्थियों को प्रवेश दिया गया।
परीक्षा केंद्रों पर शिक्षकों ने पूरी तलाशी के बाद ही प्रवेश करने दिया। निर्धारित समय दस बजे परीक्षा शुरु हुई। ढाई घंटे की इस परीक्षा में दोपहर साढ़े बारह बजे पेपर छूटा। पहली पाली में 9135 अभ्यर्थी पंजीकृत थे, जिसमें से 8739 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। 396 परीक्षार्थी गैरहाजिर रहे।
दूसरी पाली में दस परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा हुई, जिसके लिए दोपहर को ढाई बजे से परीक्षा केंद्र में प्रवेश दिया गया। गहन तलाशी के बाद अभ्यर्थी अपनी सीट पर बैठे। इसके बाद दोपहर तीन बजे परीक्षा शुरु हुई, जो शाम को साढ़े पांच बजे तक चली। इसमें 4835 अभ्यर्थियों को शामिल होना था, जिसमें से 4563 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। 272 परीक्षार्थी गैरहाजिर रहे।
इस बीच जिलाधिकारी महेंद्र बहादुर सिंह, पुलिस अधीक्षक शिव हरि मीणा समेत मजिस्ट्रेट एवं अन्य अधिकारियों ने परीक्षा केंद्रों का जायजा लिया। इस बीच सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम रहे।