रायबरेली में ग्रामीणों ने चोर समझकर प्राविधिक सहायक कृषि को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा। जान बचाने के लिए कमरे के अंदर घुसे तो बाहर घसीटकर फिर पीटा। वह अतागंज उसरी में ई-खसरा पड़ताल करने पहुंचे थे। इसी समय घटना घटी।
यूपी के रायबरेली में शुक्रवार की शाम प्राविधिक सहायक (कृषि) दुर्गेश पांडेय को ग्रामीणों ने चोर समझकर दौड़ा-दौड़ाकर लात-घूसों से पीटा। वह जान बचाने के लिए कमरे के अंदर घुसे तो हमलावरों ने उन्हें बाहर घसीटकर फिर से धुना। मारपीट में उन्हें सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आई हैं। मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। पुलिस ने केस दर्ज करके एक आरोपी महिला को गिरफ्तार किया है।
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मामला अतागंज उसरी गांव में की है। प्राविधिक सहायक (कृषि) ई-खसरा पड़ताल करने पहुंचे थे। दुर्गेश पांडेय ने बताया कि वह प्रतापगढ़ के लालगंज तहसील क्षेत्र के मनुहार गांव के रहने वाले हैं। वह सलोन विकासखंड में प्राविधिक सहायक (कृषि) के पद पर तैनात हैं। शाम 4 बजे अतागंज उसरी गांव में ई-खसरा पड़ताल का सरकारी कार्य कर रहे थे। इसी दौरान कुछ लोग आए और पूछने लगे क्या कर रहे हो।
इस पर उन्होंने बताया कि मैं सरकारी कार्य कर रहा हूं। बस इतनी सी बात पर ग्रामीणों ने उन्हें चोर समझकर पीटना शुरू कर दिया। वह बताते रहे कि वह कृषि विभाग में नौकरी करते हैं, लेकिन हमलावरों ने उनकी एक बात नहीं सुनी। मारपीट में वह घायल हो गए। ईंट से भी उन पर हमला करने का प्रयास किया गया।
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सलोन कोतवाली प्रभारी राघवन कुमार सिंह ने बताया कि पीड़ित की तहरीर पर रामीपुर मजरे बरवलिया सलोन गांव की रहने वाली गीता देवी और अन्य पांच लोग नाम पता अज्ञात पर सरकारी कार्य में बाधा डालने और मारपीट करने का केस दर्ज किया गया है। महिला को पकड़ा गया है। अन्य आरोपियों की वीडियो के जरिये पहचान कराई जा रही है।