सुबह मतदान की रफ्तार धीमी रही, लेकिन जैसे-जैसे दिन चढ़ता गया, वैसे-वैसे मतदान में तेजी आती गई। डीह ब्लॉक क्षेत्र के एक बूथ पर फर्जी वोटिंग को लेकर एजेंटों ने मतपेटी में पानी डालने का प्रयास किया।
यही नहीं इब्राहिमपुर समेत कई बूथों पर वोट डालने के दौरान हंगामा हुआ। इससे अफरातफरी रही। खनुआ गांव में मतदान के बहिष्कार को लेकर अफरातफरी का माहौल रहा।
डीएम सूर्यपाल गंगवार, एसपी श्रीकांत सिंह ने बूथों का निरीक्षण करके मतदान की स्थिति का जायजा लिया। तीसरे चरण में अमावां, राही, डीह, छतोह ब्लॉक क्षेत्रों में डीडीसी, बीडीसी के पदों के लिए सुबह सात बजे से मतदान प्रक्रिया शुरू हुई।
सुबह मतदान धीमी गति से शुरू हुआ, लेकिन दिन चढ़ते इसमें तेजी आई। बूथों पर वोटरों की कतारें लगी नजर आईं। डीह ब्लॉक क्षेत्र के मतदान केंद्र प्राथमिक विद्यालय गोविंदपुर के बूथ संख्या 57 में फर्जी वोटिंग को लेकर एजेंट भड़क उठे। उन्होंने मतपेटी में पानी डालने का प्रयास किया।
पीठासीन अधिकारी से गालीगलौज की। डीएम-एसपी ने पहुंचकर मामला शांत कराया। राही ब्लॉक क्षेत्र के मतदान केंद्र इब्राहिमपुर में केंद्र के अंदर प्रत्याशियों की ओर से समर्थकों को चुनाव चिह्न मतदाताओं को बताया जा रहा था।
इसको लेकर हंगामा हुआ। इसके अलावा कई और स्थानों पर हंगामा हुआ। खनुआ गांव में मतदान का बहिष्कार करने को लेकर अफरातफरी का माहौल रहा।
शाम पांच बजे तक मतदान हुआ। राही के मोहम्मदपुर कुचरिया, अमावां ब्लॉक के सलीमपुर सीकी समेत कई स्थानों पर मतदान का समय निकल जाने के बाद केंद्र परिसर में वोटरों की लाइन लगी होने के कारण देर तक मतदान हुआ।
इसी के साथ डीडीसी के 137 और बीडीसी के 1459 उम्मीदवारों का भाग्य मतपेटियों में कैद हो गया। इसमें एमएलसी दिनेश प्रताप सिंह के भाई अवधेश सिंह भी शामिल हैं।
डीएम सूर्यपाल गंगवार ने देर शाम बताया कि मतदान शांतिपूर्ण रहा। तीसरे चरण में 61.29 फीसदी मतदान हुआ।