मिल एरिया थाना क्षेत्र में शनिवार रात 10वीं की परीक्षा में कम अंक आने पर एक छात्र ने फांसी लगाकर जान दे दी। सुबह उसका शव घर के अंदर मिलने से हड़कंप मच गया। घर पर सिर्फ उसकी दादी थी। माता-पिता किसी काम से रांची गए हुए थे।
उसके पिता लखनऊ में बैंक मैनेजर है। सूचना पर पुलिस ने पहुंचकर मामले की जांच की। घटनास्थल से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें कम अंक आने पर पिता के नाराज होने की बात लिखी है।
जवाहर विहार कॉलोनी निवासी राजेंद्र तिवारी एसबीआई ट्रावन कोर बैंक अलीगंज लखनऊ में मैनेजर हैं। उनका बेटा वैभव विकास तिवारी (17) रायन इंटरनेशनल स्कूल का छात्र था। इस बार उसने 10वीं आईसीएसई में पास हुआ था और 80 फीसदी अंक उसने हासिल किए थे।
उसके माता-पिता किसी काम से रांची गए हुए थे। घर पर वह दादी के साथ अकेले था। रात में वैभव ने फांसी लगाकर जान दे दी। सुबह उसका शव छत के कुंडे से दुपट्टे के सहारे लटकता मिलने से हड़कंप मच गया। थानेदार अशोक सिंह, दरोगा रोहित उपाध्याय फोर्स के साथ घटनास्थल पर पहुंचे।
थानेदार के मुताबिक घटनास्थल से एक सुसाइड नोट मिला है। इसमें लिखा है कि पापा मैं गलत में संगति में पड़ गया था। आप कहते थे कि हमारे बैंक के कर्मचारी के बच्चे अच्छे अंक हासिल किए हैं और तुम नहीं कर पाए हो। थानेदार का कहना है कि कम अंक पाने से पिता खफा थे। इसी वजह से उसने खुदकुशी कर ली। छात्र की मौत से परिवारीजनों में कोहराम मच गया।