बछरावां (रायबरेली)। बिगड़ैल का पुरवा मजरे कन्नावां गांव में शनिवार की शाम हैंडपंप में पानी पीने के दौरान दो समुदायों के बीच बवाल हो गया। दोनों पक्षों से लाठी-डंडे चले। इसमें मंदिर के पुजारी समेत 13 लोग घायल हो गए। पुजारी समेत चार लोगों की हालत गंभीर होने पर सीएचसी से जिला अस्पताल रेफर किया गया है। घटना से गांव में तनाव है। पुलिस फोर्स तैनात की गई है। पुलिस जांच कर रही है।
बछरावां कोतवाली क्षेत्र के बिगड़ैल का पुरवा मजरे कन्नावां स्थित बालाजी मंदिर में दूरदराज से लोग दर्शन करने आते हैं। शनिवार शाम मंदिर में आया एक व्यक्ति हैंडपंप में पानी पीने चला गया। इसी दौरान उसका दूसरे समुदाय के एक व्यक्ति से विवाद हो गया। मंदिर के पुजारी राजेंद्र कुमार उर्फ राजा उन्हें समझाने लगे। इसी दौरान पुजारी पर भी दूसरे समुदाय के लोग अभद्रभाषा का प्रयोग करने लगे।
मामला बढ़ता देख अन्य भक्त भी उन्हें समझाने के लिए गए तो विपक्षियों ने लाठी-डंडों से हमला बोल दिया। दूसरे पक्ष से भी लोग आ गए। देखते ही देखते दोनों पक्षों के बीच जमकर लाठी डंडे चले। घटना से अफरातफरी मच गई। बवाल में एक पक्ष से बिगड़ैल का पुरवा निवासी पुजारी राजेंद्र उर्फ राजा (30), अंजनी (42), मिल एरिया इलाके के देवानंदपुर निवासी संजू (27), मनजीत (26), सोनी सोनकर (26), कन्नावां निवासी जतिन (24), बछरावां निवासी राज कुमार गुप्ता (32), सत्यम (29) और दूसरे पक्ष से बिगड़ैल का पुरवा गांव निवासी हसमत अली (46), अजमत अली (31), इरशाद अली (19), ऐश मोहम्मद (29), चांदनी (21) घायल हुए।
सभी को सीएचसी पहुंचाया गया जहां से डॉ. प्रभात मिश्रा ने हालत गंभीर देखते हुए पुजारी राजा, संजू, हसमत अली, ऐश मोहम्मद को जिला अस्पताल रेफर कर दिया। घटना की सूचना पर कोतवाली प्रभारी पंकज त्यागी ने मौके पर पहुंचे। सीओ महराजगंज प्रदीप कुमार ने बताया कि हैंडपंप में पानी पीने के दौरान किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। तहरीर मिलने पर केस दर्ज होगा।
भक्तों को मंदिर आने से रोकते हैं विपक्षी
घायल लोगों ने बताया कि विपक्षी लोग मंदिर में भक्तों के आने पर रोक लगाने का प्रयास कर रहे हैं। आए दिन मंदिर आने जाने वाले भक्तों के साथ कहासुनी की जाती है। विरोध करने पर जानमाल की धमकी दी जाती है। भक्तों का कहना है कि बवाल करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। कोतवाली प्रभारी का कहना है कि विवाद करने वालों को चिन्हित किया जा रहा है।