भागीरथी इंटर कॉलेज में पकड़े गए सॉल्वर ने केंद्र व्यवस्थापक पर सुविधा शुल्क वसूलने का आरोप लगाया है। सोमवार को सॉल्वर ने एसडीएम से मिलकर शिकायत की। साथ ही जांच कराने की मांग की। उधर, कॉलेज के केंद्र व्यवस्थापक श्याम सुंदर का कहना है कि सॉल्वर का आरोप गलत है। अपने बचाव के लिए झूठे आरोप लगा रहा है।
गौरतलब है कि 30 मार्च को आंतरिक सचल दस्ते ने सुबह हाईस्कूल सामाजिक विज्ञान की परीक्षा के दौरान सॉल्वर अजय कुमार निवासी पूरे गुरु देवली को पकड़ा था। प्रवेश पत्र पर उसक ी जगह किसी और की फोटो लगी थी। जांच के दौरान पता चला कि वह रंजीत कुमार की जगह पेपर दे रहा है।
वहीं अब सॉल्वर ने केंद्र व्यवस्थापक पर सुविधा शुल्क लेने का आरोप लगा दिया। एसडीएम को सौंपे शिकायती पत्र में लिखा है कि केंद्र व्यवस्थापक ने दूसरे की जगह परीक्षा देने के लिए आठ हजार रुपये लिए थे। चार पेपर के बाद पांचवें पेपर में पांच हजार रुपये और मांग की गई।
नहीं देने पर दूसरे कमरे में बैठा दिया गया। साथ ही उसके साथ मारपीट भी की गई। सॉल्वर ने पूरे मामले की जांच कराने की मांग की है। सॉल्वर की माने तो उसने बकायदा चार पेपर भी दिए। अचानक पांचवें पेपर में उसे पकड़ लिया गया। ऐसे में कॉलेज प्रशासन की भूमिका शुरुआती दौर में ही संदिग्ध थी।
एसडीएम राजीव राय का कहना है कि सॉल्वर की ओर से शिकायती पत्र दिया गया है। इसकी जांच कराई जा रही है। प्रथम दृष्टया मामला संदिग्ध लग रहा है। आरोपों की जांच कराने के बाद ही कोई कार्रवाई की जाएगी।
डीआईओएस राकेश कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि सॉल्वर की ओर से लगाए गए आरोप की जानकारी नहीं है। यदि ऐसे आरोप लगाए गए हैं, तो काफी गंभीर है। यदि मुख्यालय पर शिकायत मिलती है, तो जांच कराई जाएगी।