रायबरेली। विकसित भारत बिल्डथॉन-2025 के तहत स्कूलों में कक्षा 6 से 12 तक के बच्चों की टीम बनाकर 31 अक्तूबर तक पोर्टल पर पंजीकरण कराने के आदेश दिए गए है। इसके तहत आइडिया और वीडियो सब्मिट करने हैं। इसके बावजूद पंजीकरण की रफ्तार धीमी है। आइडिया देने में सभी विद्यालय पीछे हैं। जिले की प्रगति खराब होने पर उच्चाधिकारियों ने नाराजगी जताई है। जिले में नामित सभी नोडल को चेतावनी दी गई है कि हर हाल में पंजीकृत टीमों के आइडिया सब्मिट करा दिए जाएं।
जिले के सभी विद्यालयों में विकसित भारत बिल्डाथन-2025 के तहत कक्षा 6 से 12 तक के बच्चों की टीमें बनाने को कहा गया था। साथ ही विद्यालयों का पंजीकरण कराने के साथ टीमों के पंजीयन और उनके आइडिया व वीडियो सब्मिट करने के आदेश दिए गए। इसके लिए 31 अक्तूबर तक समय निर्धारित किया गया है। इसके बावजूद जिले की प्रगति बहुत अच्छी नहीं है।
पंजीकरण के मामले में थोड़ी तेजी तो जरूर दिखी, लेकिन आइडिया सब्मिट करने में प्रगति कम है। समग्र शिक्षा (माध्यमिक) के जिला समन्वयक इरफान अहमद ने बताया कि पंजीकरण के लिए 412 विद्यालयों का लक्ष्य दिया गया है, जिसमें महज 109 विद्यालयों ने ही पंजीकरण कराया है। इन स्कूलों से 1024 टीमों के पंजीकरण हुए हैं, लेकिन मात्र 13 आइडिया पोर्टल पर सब्मिट किए गए हैं।
जिला विद्यालय निरीक्षक संजीव कुमार सिंह ने बताया कि प्रदेश के अन्य जिलों की अपेक्षा अपने यहां की प्रगति काफी कम है। इस पर उच्चाधिकारियों ने नाराजगी जताई है। तय समयावधि में ही पंजीकृत टीमों के आइडिया पोर्टल पर सब्मिट करने के आदेश दिए गए हैं। इस काम को पूरा करने के लिए नगर क्षेत्र और सभी 18 विकास क्षेत्रों में राजकीय कॉलेजों के प्रधानाचार्यों, उप प्रधानाचार्यों एवं प्रभारी प्रधानाचार्यों को नोडल नामित किया जा चुका है।
डीआईओएस ने इन सभी नोडल को चेतावनी देते हुए कहा है कि सभी को 31 अक्तूबर के बाद इस आशय का प्रमाणपत्र देना होगा कि समस्त पंजीकृत टीमों के आइडिया सब्मिट हो गए हैं। अगर ऐसा नहीं हुआ तो संबंधित नोडल की जिम्मेदारी तय करते हुए कार्रवाई प्रस्तावित कर दी जाएगी।