रायबरेली। जिला अस्पताल पहले से न सिर्फ और साफ-सुथरा होगा बल्कि वहां सीवर की समस्या भी दूर होगी। नए साल में जिला अस्पताल में सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट बनाया जाएगा। शासन से हरी झंडी मिलने के बाद बजट भी आ गया है। अस्पताल के पीछे स्थित तालाब के पास सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट बनाने के लिए जमीन भी चिह्नित कर ली गई है। जल्द ही काम शुरू करा दिया जाएगा।
अभी हाल यह है कि जिला अस्पताल परिसर में सीवर चोक होने के कारण अक्सर ही पानी भरा रहता है। इससे तीमारदारों और रोगियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। सीवर की वजह से अस्पताल परिसर में भारी गंदगी हो जाती है। इस समस्या से निपटने के लिए अब अस्पताल में शासन की ओर से सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट बनाए जाने को हरी झंडी दी गई है। इसके बनाने में चार करोड़ 19 लाख 74 हजार रुपये खर्च किए जाएंगे।
सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट स्थापित करने की जिम्मेदारी यूपी सिडको को दी गई है। निर्माण कार्य शुरू कराने के लिए 50 लाख का बजट भी शासन से आ गया है। अफसरों के मुताबिक अस्पताल के पीछे वाली जिस जमीन पर तालाब है, उसी के पास सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट स्थापित करने के लिए जमीन भी चिह्नित कर ली गई है। अगले माह तक इसका काम शुरू करा दिया जाएगा।
जिला अस्पताल में तैनात चिकित्सक और अन्य स्वास्थ्य कर्मियों के रहने के लिए अस्पताल परिसर में अपार्टमेंट भी जल्द बनेगा। इसका प्रस्ताव शासन को भेज दिया गया है। मौजूदा समय में जिला अस्पताल स्थित कॉलोनी में बने आवास जर्जर हो गए हैं। बारिश होते ही आवास की छतें टपकने लगती हैं।
जर्जर आवासों में रहने वाले स्वास्थ्य कर्मियों और उनके परिवार पर हर पल मौत का खतरा मंडराता रहता है। इसे देखते हुए अपार्टमेंट बनाया जाना है ताकि अस्पताल के स्टाफ और उसके परिवारीजनों को रहने में सहूलियत हो सके। बताया जा रहा है कि इसका पूरा प्रस्ताव बनाकर शासन को भेज दिया गया है। इसको भी जल्द हरी झंडी मिल जाएगी।
जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. एनके श्रीवास्तव ने बताया कि जिला अस्पताल में सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट बनाए जाने को हरी झंडी मिल गई है। यूपी सिडको को इस काम की जिम्मेदारी दी गई है। इसके लिए बजट भी आ गया है। सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट की सुविधा होने से अस्पताल के स्टाफ और रोगियों को सीवर की समस्या से राहत मिलेगी। अस्पताल के स्टाफ के रहने के लिए अपार्टमेंट भी बनाया जाना है। इसका प्रस्ताव भी बनाकर भेजा गया है।