रायबरेली। विकास कार्यों की जांच में मनमानी पकड़ में आने के बाद डीएम नेहा शर्मा न दो गांवों के प्रधानों के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकार सीज कर दिए हैं। शिवगढ़ ब्लॉक के कसना व लालगंज के नरसिंहपुर में प्रधानों पर कार्रवाई करते हुए विकास कार्य सुचारु रखने के लिए तीन-तीन सदस्यीय कमेटियां गठित कर दी गई है।
शिवगढ़ ब्लॉक के कसना गांव में कूड़ेदान रखवाने के नाम पर प्रधान ने लाखों का वारा-न्यारा किया था। फर्जी तरीके से भुगतान किया गया। जांच में गड़बड़ झाले की पुष्टि होने के बाद प्रधान को कारण बताओ नोटिस जारी करके जवाब मांगा गया, लेकिन प्रधान कृष्णकांत शुक्ला सही जवाब नहीं दे सके।
मामले में गंभीर रुख अपनाते हुए डीएम ने प्रधान के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकार सीज करके गांव में विकास कार्यों को संचालित रखने के लिए ग्राम पंचायत सदस्य राम प्रसाद, सुलोचना और अशोक की कमेटी गठित कर दी है। कमेटी को प्रधान के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकार दिए गए हैं।
इसी तरह लालगंज ब्लॉक की ग्राम पंचायत नरसिंहपुर में राज्यवित्त और 14वें वित्त से मिले लाखों के बजट को खर्च तो कर दिया गया, लेकिन काम सही ढंग से नहीं कराया गया। जांच में लाखों की मनमानी करने की पुष्टि होने केे बाद प्रधान प्रेम कुमारी को हटा दिया गया है। यहां प्रधान के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकार ग्राम पंचायत सदस्य रोहित, अनीता और रामेश्वर की कमेटी को सौंपा गया है।
जिला पंचायतराज अधिकारी उपेंद्रराज सिंह ने बताया कि शिवगढ़ ब्लॉक के कसना व लालगंज के नरसिंहपुर में विकास कार्यों में गड़बड़ी की शिकायतों की जांच में पुष्टि होने के बाद डीएम ने दोनों गांवों के प्रधानों के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकार सीज कर दिए गए हैं। गांवों में विकास कार्य कराने के लिए तीन-तीन सदस्यीय कमेटी गठित कर दी गई है।