जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. एससी श्रीवास्तव की मनमानी का मामला गुरुवार को स्वास्थ्य राज्यमंत्री शंखलाल मांझी के सामने उठा। राज्यमंत्री ने सीएमओ डॉ. एके सिंह को बुलाकर तत्काल सीएमएस को कार्यमुक्त करने का आदेश दिया।
उधर, अपर निदेशक ने सीएमएस को भी सीनियर डॉक्टर को चार्ज देकर कार्यमुक्त होने के आदेश दिए हैं। स्थानांतरित तीन डॉक्टरों को रोकने की संस्तुति विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री डॉ. मनोज कुमार पांडेय ने की है।
जिला अस्पताल के सीएमएस व अन्य डॉक्टरों का गैर जिले के लिए तबादला कर दिया गया है। सीएमएस ने मनमानी करते हुए खुद को कार्यमुक्त नहीं किया, लेकिन डॉक्टरों को कार्यमुक्त करने का आदेश थमा दिया।
इस बात को लेकर बीते बुधवार को सीएमएस और डॉक्टरों में तीखी तकरार हुई। यह मामला गुरुवार को स्वास्थ्य राज्यंत्री के सामने भी उठा। मंत्री ने सीएमओ को बुलाकर तत्काल सीएमएस को कार्यमुक्त करने का आदेश जारी करने को कहा।
डॉ. अल्ताफ हुसैन, डॉ. बीरबल और डॉ. रेनू चौधरी के स्थानांतरण को निरस्त कराने के लिए विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्र डॉ. मनोज पांडेय ने संस्तुति की है। इस संबंध में उन्होंने स्वास्थ्य राज्यमंत्री से बात की।
सीएमओ डॉ. एके सिंह ने बताया कि अपर निदेशक से बात हुई है। उन्होंने भी सीएमएस को तत्काल कार्यमुक्त करने के संबंध में आदेश भेजा है। स्वास्थ्य राज्यमंत्री के मौखिक आदेश पर सीएमएस को पत्र भेजा गया है।