रमजान में कहारों का अड्डा स्थित मस्जिद में नमाज पढ़कर बाहर निकलते रोजेदार।
रायबरेली। आस्था और इबादत का पवित्र महीना रमजान शुरू हो गया है। बुधवार देर शाम चांद का दीदार होते ही मुस्लिम समुदाय में खुशी की लहर दौड़ गई और लोगों ने एक-दूसरे को मुबारकबाद दी। इसके साथ ही मस्जिदों में विशेष नमाज तरावीह का सिलसिला शुरू हुआ, जो ईद का चांद नजर आने तक रोजाना रात में जारी रहेगा।
बृहस्पतिवार को अकीदतमंदों ने इस साल का पहला रोजा रखा। भोर में सहरी के समय से ही मुस्लिम बहुल इलाकों में चहल-पहल शुरू हो गई थी। शाम को इफ्तार के लिए जहां घरों में परिवार के सभी सदस्य एक साथ बैठे, वहीं मस्जिदों में भी रोजेदारों का जमावड़ा लगा। इफ्तार और सहरी की खरीदारी के लिए बाजार पूरी तरह गुलजार हैं, जहां शाम से लेकर देर रात तक काफी भीड़ देखी जा रही है।
मुस्लिम समुदाय के लिए इस महीने का विशेष महत्व है। बुधवार को सूर्यास्त के समय चांद देखने के लिए लोगों में खासा उत्साह रहा। जैसे ही चांद की पुष्टि हुई, लोग मस्जिदों की ओर बढ़ने लगे। रात में करीब डेढ़ से दो घंटे तक तरावीह की नमाज अदा की गई। पहले रोजे के कारण बृहस्पतिवार को दोपहर तक बाजारों में सन्नाटा रहा, लेकिन शाम पांच बजे के बाद सब्जी मंडी तिराहा, किला बाजार, तेलियाकोट और गोरा बाजार जैसे इलाकों में जबरदस्त रौनक लौट आई। विशेषकर खजूर की दुकानों पर भारी भीड़ रही।
स्थानीय निवासी मोहम्मद शरीफ और अनीस अहमद ने बताया कि रहमतों वाले इस महीने का उन्हें बेसब्री से इंतजार रहता है। वहीं, मेराज अहमद और अबु मुस्लिम ने कहा कि वे इस पूरे महीने का अधिकांश समय इबादत में गुजारेंगे। शहर काजी सुहैल अख्तर रजा ने जानकारी दी कि चांद दिखने के बाद से ही तरावीह और रोजों का दौर शुरू हो गया है, जो पूरे एक माह तक चलेगा।