रायबरेली। नेता प्रतिपक्ष व सांसद राहुल गांधी नौ सितंबर को 363 दिन बाद जिला विकास एवं समन्वय अनुश्रवण समिति (दिशा) की बैठक में केंद्रीय योजनाओं में खामियां खंगालेंगे। प्रस्तावित कार्यक्रम आने के बाद जिले में तैयारी शुरू हो गई है। जन प्रतिनिधियों को न्योता भेजा गया है। संबंधित अधिकारी भी अपनी रिपोर्ट दुरुस्त करने में जुट गए हैं।
दिशा की पिछली बैठक 11 सितंबर 2025 में हुई थी। इसके बाद राहुल गांधी को बीती छह अप्रैल को बैठक करनी थी, लेकिन जिले की पूर्व सांसद सोनिया गांधी के बीमार होने और दिल्ली के अस्पताल में चल रहे इलाज के कारण कार्यक्रम टल गया था। छह अप्रैल को उनके स्थान पर अमेठी के सांसद केएल शर्मा बैठक में सभापति के रूप में शामिल होकर केंद्रीय योजनाओं की समीक्षा की थी। इससे पहले भी बीती 12 मार्च को भी दिशा की बैठक प्रस्तावित थी, लेकिन अपरिहार्य कारणों से राहुल का कार्यक्रम स्थगित हो गया था।
अब आगामी नौ सितंबर को फिर दिशा की बैठक होने वाली है। बैठक के लिए राहुल गांधी का कार्यक्रम मिल गया है। खाद्य एवं रसद मंत्री डॉ. मनोज पांडेय, उद्यान मंत्री दिनेश प्रताप सिंह आदि जन प्रतिनिधियों को बैठक को लेकर न्योता भेजा गया है। संबंधित विभागों के अधिकारियों को भी विभागवार रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।
विभागों से तलब की गई रिपोर्ट
बीती छह अप्रैल की बैठक में उठाए गए मामलों के संबंध में रिपोर्ट विभागों से तलब की गई है। राहुल गांधी की अध्यक्षता में होने वाली दिशा की बैठक को लेकर सियासी गर्मी भी बढ़ रही है। पिछली बैठक में भी हंगामा हुआ था। इस बाद भी गहमागहमी की पूरी उम्मीद है। डीआरडीए के परियोजना निदेशक मुनेंद्र चंद्र का कहना है कि दिशा की बैठक के लिए प्रस्तावित कार्यक्रम आने के बाद तैयारियां शुरू करा दी गई हैं।